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गलत प्रेग्नेंसी रिपोर्ट मामले पर सियासत तेज

राजनांदगांव में गलत प्रेग्नेंसी रिपोर्ट पर बवाल, कांग्रेस ने किया एसपी कार्यालय का घेराव

राजनांदगांव जिले के सोमनी थाना क्षेत्र में 14 वर्षीय नाबालिग को कथित गलत प्रेग्नेंसी रिपोर्ट के आधार पर प्रताड़ित किए जाने का मामला अब राजनीतिक रंग लेता जा रहा है।

राजनांदगांव में गलत प्रेग्नेंसी रिपोर्ट पर बवाल कांग्रेस ने किया एसपी कार्यालय का घेराव

Congress Protests Over Minor Harassment in Pregnancy Report Case |

राजनांदगांव (छत्तीसगढ़)। राजनांदगांव जिले के सोमनी थाना क्षेत्र में 14 वर्षीय नाबालिग को कथित गलत प्रेग्नेंसी रिपोर्ट के आधार पर प्रताड़ित किए जाने का मामला अब राजनीतिक रंग लेता जा रहा है। मामले में पहले ही जिला पुलिस अधीक्षक द्वारा तत्कालीन थाना प्रभारी और महिला प्रधान आरक्षक को निलंबित किया जा चुका है, वहीं संबंधित चिकित्सक के खिलाफ भी प्रशासनिक कार्रवाई की गई है।

कांग्रेस का प्रदर्शन, दोषियों पर कड़ी कार्रवाई की मांग

इसी मामले को लेकर आज मंगलवार को जिला कांग्रेस कमेटी के बैनर तले बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ताओं और पदाधिकारियों ने पुलिस अधीक्षक कार्यालय का घेराव कर प्रदर्शन किया और अपनी मांगों को लेकर ज्ञापन सौंपा। कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने एसपी कार्यालय पहुंचकर नारेबाजी की और मामले में दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग उठाई। प्रदर्शन का नेतृत्व जिला कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष जितेंद्र मुदलियार ने किया। उन्होंने आरोप लगाया कि पीड़ित नाबालिग को पूरी रात थाने में बैठाकर रखा गया, उसके साथ मारपीट की गई और अपमानजनक व्यवहार किया गया।

एफआईआर और टेस्ट किट जांच की उठी मांग

कांग्रेस का कहना है कि पुलिस विभाग ने दो दिन में जांच पूरी कर कार्रवाई का आश्वासन दिया था लेकिन अब तक केवल निलंबन की कार्रवाई कर मामले को दबाने का प्रयास किया जा रहा है। प्रदर्शनकारियों ने मांग की कि दोषी अधिकारियों और कर्मचारियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की जाए। साथ ही उस प्रेग्नेंसी टेस्ट किट की भी जांच हो, जिसके आधार पर पूरी घटना सामने आई, ताकि यह पता चल सके कि वह किट कहां से खरीदी गई और उसकी गुणवत्ता क्या थी।

जांच रिपोर्ट के इंतजार में प्रशासन और राजनीति

वहीं इस पूरे मामले पर पुलिस अधीक्षक अंकिता शर्मा ने कहा कि पुलिस विभाग की ओर से संबंधित थाना प्रभारी और महिला प्रधान आरक्षक को निलंबित किया जा चुका है। मामले में पुलिस विभाग और प्रशासन द्वारा अलग-अलग जांच की जा रही है और जांच रिपोर्ट आने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल इस मामले को लेकर जिले की राजनीति गरमा गई है और सभी की नजरें जांच रिपोर्ट तथा आगे होने वाली कार्रवाई पर टिकी हुई हैं।

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