पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी ने सुरक्षा में कटौती के बाद लालू परिवार ने सभी सुरक्षा गार्ड को वापस कर दिया है। वहीं, उनकी बेटी रोहिणी आचार्य ने सुरक्षा विवाद पर सीधे प्रदेश सरकार पर हमला बोला है।
पटना: पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी ने सुरक्षा में कटौती के बाद लालू परिवार ने बड़ा फैसला लिया है। लालू परिवार ने सभी सुरक्षा गार्ड को वापस कर दिया है। लालू परिवार के सुरक्षा लौटाने के बाद प्रदेश में सियासी घमासान तेज हो गया है। लालू प्रसाद यादव के बड़े बेटे और JJP के अध्यक्ष तेजप्रताप यादव राबड़ी आवास पहुंचे। बिहार विधानसभा चुनाव से पहले RJD से अलग पार्टी बनाने के बाद से उनका राबड़ी आवास आना-जाना बंद था। लेकिन, जैसे ही सुरक्षा हटाई गई, तेज प्रताप यादव राबड़ी आवास पहुंचे और मां से बातचीत की।

वहीं, राबड़ी देवी के पति और बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री लालू प्रसाद यादव फिलहाल सिंगापुर में बेटी रोहिणी आचार्य के पास हैं। सुरक्षा विवाद पर रोहिणी आचार्य ने सीधे प्रदेश सरकार पर हमला बोला है।
रोहिणी आचार्य ने प्रदेश सरकार पर बोला हमला
रोहिणी आचार्य ने सोशल मीडिया पर कहा है कि 'सुरक्षा कवर में कटौती के बाद दिखावे की सुरक्षा रखने का कोई औचित्य ही नहीं है। सात खून के आरोपी रहे मुख्यमंत्री की सरकार के द्वारा लालू परिवार की सुरक्षा में कटौती का फैसला नुकसान और शारीरिक क्षति पहुंचाने की नीयत से ही लिया गया है। उन्होंने कहा है कि बिहार की करोड़ों जनता ही उनके परिवार का सुरक्षा कवच है। साथ ही उन्होंने चुनौती देते हुए कहा है कि अगर परिवार के किसी भी सदस्य को एक खरोंच भी आयी, तो अंजाम क्या होगा? इसका अंदाजा शायद सम्राट चौधरी की सरकार को नहीं है।
शक्ति सिंह ने साजिश की जताई आशंका
वहीं, राबड़ी देवी और लालू यादव की सुरक्षा हटाए जाने पर RJD नेता शक्ति सिंह यादव ने कहा है कि लालू प्रसाद और राबड़ी देवी, दोनों ही पूर्व मुख्यमंत्री रहे हैं। पहले उन्हें घर को लेकर धोखा दिया गया, फिर घर खाली करने की धमकी दी गई। पूरे परिवार की सुरक्षा कम कर दी गई। यह एक साजिश है। RJD उन बहुत सारे वोटरों का प्रतिनिधित्व करती है, जिन्होंने इसकी लीडरशिप पर भरोसा जताया है। वे विपक्ष को कुचलना चाहते हैं। लोकतंत्र में ऐसी राजनीति के लिए कोई जगह नहीं है।