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नेशनल हाईवे 44 पर घटना में पति की मौत

नरसिंहपुर के नेशनल हाईवे 44 पर हुई दो अलग-अलग घटनाओं में पति की मौत, पत्नी सुरक्षित व गोवंश को बचाने में ट्रक पलटा

नरसिंहपुर में NH-44 पर दो अलग-अलग हादसों में बाइक सवार की मौत हो गई और उसकी पत्नी घायल हो गई। वहीं, गोवंश को बचाने में ट्रक पलट गया। हाईवे के गड्ढे और गोवंश खतरा बने हैं।

नरसिंहपुर के नेशनल हाईवे 44 पर हुई दो अलग-अलग घटनाओं में पति की मौत पत्नी सुरक्षित व गोवंश को बचाने में ट्रक पलटा

Narsinghpur: Two Accidents on NH-44, Biker Killed, Truck Overturns |

नरसिंहपुर (मध्य प्रदेश)। नेशनल हाईवे-44 पर हादसों का सिलसिला थमने का नाम नहीं ले रहा है। जिले में हुई दो अलग-अलग घटनाओं में एक बाइक सवार की मौत हो गई, जबकि उसकी पत्नी घायल हो गई। वहीं, गोवंश को बचाने के प्रयास में एक ट्रक अनियंत्रित होकर पलट गया, जिसमें चालक को मामूली चोट आई। लगातार हो रहे हादसों के बीच हाईवे पर बड़े-बड़े गड्ढों और बेसहारा गोवंश की मौजूदगी वाहन चालकों के लिए बड़ा खतरा बनी हुई है।

कंटेनर की टक्कर से बाइक सवार की मौत

जानकारी अनुसार बताया गया हैं कि जबलपुर जिले के बेलखेड़ा थाना क्षेत्र के बरपटी गांव निवासी शिवदयाल पिता रोशनलाल नौरिया (42) वर्ष अपनी पत्नी कुंजलता (38) वर्ष के साथ अपनी ससुराल बरमान से लौटकर गांव जा रहे थे। इसी दौरान नेशनल हाइवे 44 पर बीतली गांव के पास अज्ञात कंटेनर वाहन ने बाइक को टक्कर मार दी जिससे बाइक चालक व पीछे बैठीं उनकी पत्नी सड़क पर गिर गए मौजूद लोगों के द्वारा तुरंत पुलिस को सूचना दी गई । जहां देखा गया कि पति की मौत हो चुकी थी और पत्नी सुरक्षित है । बरमान पुलिस ने मामले में मर्ग पंचनामा की कार्रवाई की है। पुलिस का कहना है कि घटनाकारक वाहन की तलाश की जा रही है।

गोवंश को बचाने में अनियंत्रित होकर पलटा ट्रक

वही दूसरी घटना इसी नेशनल हाईवे 44 पर हुई है जहां पर सागर की ओर जा रहा एक ट्रक हाइवे पर मौजूद गौवंश को बचाने के चक्कर में अनियंत्रित होकर पलट गया। गनीमत रही कि ट्रक में सवार लोग सुरक्षित रहे। घटना के बाद वाहन चालक की सूचना पर बुलाई गई क्रेन की मदद से ट्रक को उठवाया गया। 

गड्ढों और गोवंश से बढ़ा हाइवे पर खतरा

जिले में नरसिंहपुर -सागर हाइवे खासतौर से बड़े-बड़े गड्‌ढ़ों और दिन रात बेसहारा गोवंश की मौजूदगी से वाहन चालकों के लिए जोखिम बढ़ा रहा है, लेकिन गौवंश को हाइवे से हटाने एवं हादसों की चपेट में आकर मरने वाले गोवंशों के शव का उचित निपटान कराने कोई कार्रवाई नहीं हो रही है। जिससे हाइवे पर कहीं घायल तो कहीं मृत गोवंश के शव घंटो पड़े रहते हैं। बहरहाल, राजमार्ग चौराहा के पास हुई घटना के बाद हाइवे की निगरानी पेट्रोलिंग की असलियत उजागर हो गई है। 

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