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भोपाल के स्कूलों में शिक्षक होंगे अधिकारी

भोपाल के 102 सरकारी स्कूल में शिक्षक बनेंगे सरकारी अधिकारी, लेंगे क्लास

भोपाल। मप्र की राजधानी में 4 अप्रैल 2026 को शिक्षा के क्षेत्र में एक अनूठी पहल देखने को मिल रही है।

भोपाल के 102 सरकारी स्कूल में शिक्षक बनेंगे सरकारी अधिकारी लेंगे क्लास

School Management |

भोपाल। मप्र की ​राजधानी में 4 अप्रैल 2026 को शिक्षा के क्षेत्र में एक अनूठी पहल देखने को मिल रही है। 'स्कूल चलें हम' अभियान के तहत जिले के 102 सरकारी स्कूलों में प्रशासनिक अधिकारी शिक्षक की भूमिका निभाएंगे।

प्रथम और दूसरे श्रेणी के अधिकारी पहुंचेंगे स्कूल

भोपाल कलेक्टर के निर्देशानुसार, जिले के 102 प्रथम और द्वितीय श्रेणी के अधिकारी अलग-अलग स्कूलों में पहुंचकर छात्रों की क्लास लेंगे। अधिकारी न केवल बच्चों को पढ़ाएंगे, बल्कि उनसे सीधा संवाद कर उनके अनुभव जानेंगे और भविष्य के लिए उनका मार्गदर्शन भी करेंगे। इस दौरे के दौरान अधिकारी स्कूल की बुनियादी सुविधाओं और बच्चों को आ रही समस्याओं को भी समझेंगे ताकि उनमें सुधार किया जा सके।

​अभियान का यह उद्देश्य

​सरकारी स्कूलों में बच्चों की संख्या (Enrollment) बढ़ाने के लिए अभिभावकों और बच्चों को प्रोत्साहित करना है। इसके साथ सरकारी स्कूलों में पढ़ाई का माहौल निजी स्कूलों की तर्ज पर बेहतर बनाना है।

​घर-घर संपर्क करने के निर्देश

शिक्षा विभाग ने शिक्षकों को 'घर-घर संपर्क' करने के निर्देश दिए हैं ताकि कोई भी बच्चा शिक्षा से वंचित न रहे।

​सम्मानित करने की भी योजना

​इस अभियान के तहत पिछले शैक्षणिक सत्र में 85% से अधिक अंक लाने वाले विद्यार्थियों के माता-पिता को भी सम्मानित किया जाएगा। विभाग का मानना है कि इससे अभिभावकों का जुड़ाव स्कूल से बढ़ेगा और बच्चों का मनोबल ऊंचा होगा। नए सत्र (2026-27) की शुरुआत के साथ ही प्रशासन का लक्ष्य है कि सरकारी स्कूलों को हाईटेक बनाया जाए और बच्चों को बेहतर शैक्षणिक वातावरण प्रदान किया जाए।

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