प्राइम न्यूज़ – एक कसम, राष्ट्र प्रथम
Breaking News

युवा उद्यमी: तन्मय तिवारी की सफलता

वन बीएचके से 80 हजार वर्गफुट की डिफेंस फैक्ट्री तक पहुंची युवा उद्यमी तन्मय तिवारी की यात्रा

उत्तर प्रदेश डिफेंस इंडस्ट्रियल कॉरिडोर युवाओं और नए उद्यमियों को रक्षा एवं एयरोस्पेस विनिर्माण से जोड़ने में अहम भूमिका निभा रहा है।

वन बीएचके से 80 हजार वर्गफुट की डिफेंस फैक्ट्री तक पहुंची युवा उद्यमी तन्मय तिवारी की यात्रा

Young entrepreneur: Tanmay Tiwari success |

ग्रेटर नोएडा | उत्तर प्रदेश डिफेंस इंडस्ट्रियल कॉरिडोर युवाओं और नए उद्यमियों को रक्षा एवं एयरोस्पेस विनिर्माण से जोड़ने में अहम भूमिका निभा रहा है। इसकी एक प्रेरक कहानी डेटम एडवांस्ड कंपोजिट्स के सह-संस्थापक एवं उप प्रबंध निदेशक तन्मय तिवारी की है। यूके से एयरोस्पेस इंजीनियरिंग की पढ़ाई पूरी करने के बाद भारत लौटे तन्मय ने एक बीएचके फ्लैट से कारोबार शुरू किया और अब लखनऊ में 70 से 80 हजार वर्गफुट में अत्याधुनिक विनिर्माण इकाई स्थापित करने जा रहे हैं।

यूके से पढ़ाई के बाद भारत लौटने का फैसला

तन्मय तिवारी ने बताया कि उन्होंने ब्रिटेन में करीब 5 साल बिताए और वहीं से एयरोस्पेस इंजीनियरिंग में स्नातक और परास्नातक की डिग्री हासिल की। वर्ष 2020 में लखनऊ में आयोजित डिफेंस एक्सपो के दौरान उन्होंने भारत के रक्षा और एयरोस्पेस विनिर्माण इकोसिस्टम को करीब से देखा। डिफेंस एक्सपो में 5 दिन बिताने के बाद उन्होंने तय किया कि कंपनी की शुरुआत यूके के बजाय भारत में ही की जाएगी। वर्ष 2021 में परास्नातक की थीसिस पूरी करने के बाद भारत लौटकर उन्होंने डेटम एडवांस्ड कंपोजिट्स की शुरुआत की।

एक बीएचके फ्लैट से शुरू हुआ कारोबार

शुरुआत में कंपनी की गतिविधियां एक बीएचके फ्लैट से शुरू हुईं। शुरुआती दौर में कंपनी ने नागरिक क्षेत्र पर ध्यान केंद्रित किया और कृषि ड्रोन, ऑटोमोबाइल तथा उच्च श्रेणी की सुपरबाइक्स में इस्तेमाल होने वाले कार्बन फाइबर और ग्लास फाइबर के कंपोजिट पुर्जे तैयार किए।

IIT कानपुर की टेस्टिंग से रक्षा क्षेत्र में मिला मौका

तन्मय तिवारी ने बताया कि नागरिक क्षेत्र से रक्षा प्रौद्योगिकी की ओर कंपनी का रुख तेजी से हुआ। कंपनी ने आईआईटी कानपुर के संपर्क में आकर अपने कंपोजिट नमूने और परीक्षण कूपन जांच के लिए भेजे। परीक्षण के बाद यह पुष्टि हुई कि कंपनी के उत्पाद रक्षा क्षेत्र में उपयोग के लिए जरूरी मानकों को पूरा करने में सक्षम हैं। इसके बाद कंपनी ने रक्षा क्षेत्र के लिए उत्पादन शुरू किया और धीरे-धीरे अपनी विनिर्माण क्षमता का विस्तार किया।

20 हजार वर्गफुट की फैक्ट्री में 40 लोगों की टीम

एक छोटे शेड से शुरू हुई कंपनी आज कानपुर में करीब 20 हजार वर्गफुट की फैक्ट्री से संचालित हो रही है। कंपनी में लगभग 40 लोगों की टीम काम कर रही है। तन्मय तिवारी के अनुसार, कंपनी एएस 9100 प्रमाणित है। यह एयरोस्पेस और रक्षा उद्योग में गुणवत्ता प्रबंधन प्रणाली से जुड़ा प्रमुख अंतरराष्ट्रीय मानक है। कंपनी का यह प्रमाणन ब्यूरो वेरिटास द्वारा किया गया है।

लखनऊ में बनेगी 80 हजार वर्गफुट की नई इकाई

कंपनी अब भारतीय रक्षा इकोसिस्टम के साथ-साथ उत्तर प्रदेश डिफेंस इंडस्ट्रियल कॉरिडोर में कार्यरत अन्य कंपनियों को भी अपने उत्पादों की आपूर्ति कर रही है। कंपनी विमान के ढांचे के निर्माण और हल्के आयुध से जुड़े प्रोजेक्ट में भी योगदान दे रही है। अब कंपनी लखनऊ नोड स्थित उत्तर प्रदेश डिफेंस इंडस्ट्रियल कॉरिडोर में नई इंजीनियरिंग एवं विनिर्माण सुविधा स्थापित करने जा रही है। इसका निर्मित क्षेत्र करीब 70 से 80 हजार वर्गफुट होगा, जो मौजूदा सुविधा से लगभग 4 गुना बड़ा होगा।

200 लोगों को प्रत्यक्ष रोजगार की उम्मीद

नई इकाई से करीब 200 लोगों को प्रत्यक्ष रोजगार और लगभग 1,500 लोगों को अप्रत्यक्ष रोजगार मिलने की उम्मीद है। कंपनी के विस्तार से रक्षा और एयरोस्पेस क्षेत्र में स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर बढ़ने की संभावना है। तन्मय तिवारी ने बताया कि उत्तर प्रदेश डिफेंस इंडस्ट्रियल कॉरिडोर में नई इकाई के लिए किए जाने वाले पूंजी निवेश पर 25 प्रतिशत तक पूंजीगत सब्सिडी का लाभ मिलेगा। इसके अलावा विदेश से आयात किए जाने वाले उपकरणों पर परिवहन संबंधी सब्सिडी तथा पेटेंट और ट्रेडमार्क के लिए प्रतिपूर्ति जैसी सुविधाएं भी उपलब्ध हैं। उन्होंने कहा कि इन नीतिगत प्रोत्साहनों और सरकार के सहयोग से युवा उद्यमियों के लिए रक्षा एवं एयरोस्पेस क्षेत्र में प्रवेश और विस्तार के नए अवसर तैयार हुए हैं। तन्मय तिवारी ने कहा कि एक छोटे से बीएचके फ्लैट से शुरू हुई कंपनी का हजारों वर्गफुट की अत्याधुनिक रक्षा विनिर्माण इकाई की ओर बढ़ना नई तकनीक, युवा प्रतिभा और सरकारी सहयोग के साथ उत्तर प्रदेश में विकसित हो रहे रक्षा विनिर्माण इकोसिस्टम को दर्शाता है। उन्होंने उत्तर प्रदेश डिफेंस इंडस्ट्रियल कॉरिडोर से मिले सहयोग के लिए प्रदेश सरकार और संबंधित अधिकारियों के प्रति आभार व्यक्त किया।

ये भी पढ़ें: समस्या निस्तारण में लापरवाही पर होगी कड़ी कार्रवाई: सीएम योगी

Related to this topic: