Digvijay Singh Statement : पत्रकारों से दिग्विजय सिंह ने शनिवार को कहा कि संगठन की तारीफ की है. आरएसएस की नहीं.
Digvijay Singh Statement : पत्रकारों से दिग्विजय सिंह ने शनिवार को कहा कि संगठन की तारीफ की है, आरएसएस की नहीं. मैं आरएसएस, पीएम मोदी और उनकी नीतियों का घोर विरोधी था, हूं और रहूंगा. उन्होंने अपने उस बयान पर सफाई दी, जिसमें दिग्विजय सिंह ने पीएम मोदी और आरएसएस की तारीफ की थी.
दिग्विजय सिंह ने एक तस्वीर पोस्ट करते हुए लिखा था कि मुझे यह तस्वीर Quora साइट पर मिली. यह बहुत प्रभावशाली है, जिस तरह RSS के जमीनी स्तर के स्वयंसेवक और जनसंघ (@BJP4India) के कार्यकर्ता नेताओं के चरणों में बैठकर राज्य के मुख्यमंत्री और देश के प्रधानमंत्री बनते हैं, यही इस संगठन की ताकत है. जय सिया राम।
सुधांशु त्रिवेदी का बयान
सुधांशु त्रिवेदी ने दिग्विजय सिंह के बयान पर कहा कि यह कांग्रेस पार्टी का आंतरिक मामला है. इसमें कुछ खास महत्वपूर्ण नहीं है. अपनी किताब 'द प्रॉमिस्ड लैंड' के अध्याय 24 में बराक ओबामा ने लिखा है कि वह एक ऐसे छात्र की तरह हैं, जो अपने शिक्षक को प्रभावित करने की उत्सुकता में कई हाव-भाव और अभिव्यक्तियां करता है.
सुधांशु त्रिवेदी ने कहा कि जब कोई अमेरिकी राष्ट्रपति किसी व्यक्ति के बारे में कोई राय बनाता है तो वह राय अमेरिका के अभिलेखागार में बहुत लंबे समय तक दर्ज रहती है. उसके बाद, उन्हें अमेरिका के प्रमुख विश्वविद्यालयों द्वारा आमंत्रित किया जाता है. क्या यह आश्चर्यजनक नहीं लगता? यह राहुल गांधी की सभी विदेश यात्राओं की निष्पक्षता और तटस्थता पर सवाल उठाता है.
यह भी पढ़ें : https://www.primenewsnetwork.in/india/sudhanshu-trivedi-spoke-on-sam-pitroda-statement/102681