जौनपुर। राज्यपाल आनंदी बेन पटेल ने मंगलवार को यहां वीर बहादुर सिंह पूर्वांचल विश्वविद्यालय की स्थित पर रोष जताया। उन्होंने भरी सभा में विश्वविद्यालय की कलई खोलते हुए कहा कि ‘विश्वविद्यालय में हॉस्टल से लेकर तमाम कमियों को गिनाया और कहा कि शिक्षकों के ट्रांजिट हॉस्टल में शराब की बोतलें मिलती है’
बीर बहादुर सिंह पूर्वांचल विश्वविद्यालय के दीक्षांत समारोह में राज्यपाल आनंदी बेन पटेल 27वें दीक्षांत समारोह में शामिल होने के लिए आईं थी। इस दौरान उन्होंने भरी सभा में यूनिवर्सिटी प्रशासन द्वारा बरती जा रही लापरवाहियों का उल्लेख किया। उन्होंने जब खामियां गिनानी शुरू की तो वहां पर मौजूद विश्वविद्यालय के अधिकारियों को पसीने छूटने लगे।
भरे मंच से लगाई फटकार
राज्यपाल ने अधिकारियों पर रोष जताते हुए कहा कि ट्रांजिट हॉस्टल में गंदगी के साथ शराब की बोतलें मिली हैं। मैंने पता किया तो पता चला कि वहां विदेशी दारू का अड्डा बन गया है। शराब की बोतलें पीकर बाहर फेंक दी जाती है। यहां खाने के साथ ड्रग का ऑर्डर भी दिया जाता है. ये शराब और गांजे का अड्डा बन गया है।
आनंदी बेन पटेल ने विश्वविद्यालय की अव्यवस्था को लेकर भी जमकर नाराजगी जताई। उन्होंने कहा कि यहां पर चार मंजिला भवन बनना था, अभी तक दो मंजिल पर ही काम हुआ है। काम एकदम धीमा चल रहा है। जल निगम को पूरा कराने के लिए लिखा गया है, वह सो गया है।
अव्यवस्था पर उठाए सवाल
विश्वविद्यालय में तीन गर्ल्स हॉस्टल हैं लेकिन किसी में भी क्षमता के अनुरूप एडमिशन नहीं हुए। बच्चे होस्टल में रहना चाहते नहीं है या पूरी सुविधा नहीं है। छात्रों के साथ कोई बात नहीं हो रही है क्योंकि असली बात छात्र ही बताते हैं। राज्यपाल ने मंच से ही विभिन्न मुद्दों पर फटकार लगाई।
79 छात्रों को स्वर्ण पदक
राज्यपाल ने इस दौरान 79 मेधावी छात्रों को स्वर्ण पदक दिए और 445 शोधार्थियों को पीएचडी और दो को डीलिट की उपाधि प्रदान की