मोतिहारी जिले के हरसिद्धि थाना क्षेत्र के पानापुर मलाही टोला गांव में प्रशासन ने अतिक्रमण हटाओ अभियान चलाकर आम गैरमजरुआ भूमि को अतिक्रमण मुक्त करा लिया।
मोतिहारी (बिहार)। मोतिहारी जिले के हरसिद्धि थाना क्षेत्र के पानापुर मलाही टोला गांव में प्रशासन ने अतिक्रमण हटाओ अभियान चलाकर आम गैरमजरुआ भूमि को अतिक्रमण मुक्त करा लिया। अभियान के दौरान चार अतिक्रमणकारियों के मकान ध्वस्त किए गए। ग्रामीणों के विरोध के बावजूद प्रशासन ने पूरी सतर्कता और शांतिपूर्ण तरीके से कार्रवाई को अंजाम दिया।
हाईकोर्ट के आदेश के बाद हरकत में आया प्रशासन
जानकारी के अनुसार, मौजा जोगिया स्थित पानापुर मलाही टोला में आम गैरमजरुआ भूमि पर वर्षों से अतिक्रमण किए जाने की शिकायत को लेकर मामला न्यायालय में विचाराधीन था। इस संबंध में दरोगा यादव द्वारा हाईकोर्ट में सीडब्ल्यूजेसी दायर की गयी थी। सुनवाई के बाद हाईकोर्ट ने संबंधित भूमि को अतिक्रमण मुक्त कराने का आदेश जारी किया था। उसी आदेश के अनुपालन में प्रशासनिक एवं पुलिस अधिकारियों की मौजूदगी में अभियान चलाया गया।
जेसीबी से ढहाए गए मकान
अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई के दौरान किरानी सहनी, धर्मेंद्र साहनी पिता-पन्नालाल साहनी, योगेंद्र सहनी पिता-स्वर्गीय मुंशी सहनी सुरेश सहनी तथा राजेंद्र सहनी द्वारा किए गए अतिक्रमण को हटाया गया। प्रशासन ने दो जेसीबी मशीनों की सहायता से मकान को ध्वस्त कर भूमि को खाली कराया। अभियान के दौरान योगेंद्र साहनी का पक्का मकान भी तोड़ा गया, जो सरकारी भूमि पर निर्मित पाया गया। कार्रवाई के दौरान कुछ ग्रामीणों एवं प्रभावित परिवारों की महिलाओं ने विरोध जताया। गृह स्वामी के परिवार की महिलाओं ने प्रशासनिक कार्रवाई का विरोध किया लेकिन अधिकारियों ने उन्हें समझाकर स्थिति को नियंत्रित किया।
200 पुलिसकर्मियों की मौजूदगी में चला अभियान
भारी विरोध की आशंका को देखते हुए पूरे क्षेत्र में सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए गए थे। अभियान का नेतृत्व अरेराज डीएसपी रवि कुमार ने किया। उन्होंने बताया कि हाईकोर्ट के आदेश का अनुपालन कराते हुए भूमि को अतिक्रमण मुक्त कराया गया है। उन्होंने कहा कि अभियान को शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने के लिए जिले से करीब 200 पुलिसकर्मियों एवं महिला पुलिस बल की तैनाती की गई थी। इसके अलावा संग्रामपुर, केसरिया, सुगौली, मलाही तथा आसपास के कई थानों की पुलिस भी अभियान में शामिल रही। अतिक्रमण हटाने के दौरान दंडाधिकारी के रूप में अंचलाधिकारी अरविंद चौधरी एवं प्रखंड विकास पदाधिकारी गुलशन कुमार मौजूद रहे।
प्रशासन ने पूरी भूमि को लिया अपने नियंत्रण में
प्रशासनिक अधिकारियों ने बताया कि सरकारी भूमि पर अवैध कब्जा किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। न्यायालय के आदेशों का पालन सुनिश्चित करने के लिए आगे भी ऐसे अभियान जारी रहेंगे। अभियान के बाद भूमि को पूरी तरह अतिक्रमण मुक्त घोषित कर प्रशासन ने अपने कब्जे में ले लिया। स्थानीय लोगों के अनुसार, लंबे समय से इस भूमि को लेकर विवाद चल रहा था। हाईकोर्ट के आदेश के बाद प्रशासन द्वारा की गई कार्रवाई से मामले का पटाक्षेप हो गया है।
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