प्राइम न्यूज़ – एक कसम, राष्ट्र प्रथम
Breaking News

चुनाव आयुक्त और टीएमसी में टकराव

बैठक में मुख्य चुनाव आयुक्त और टीएमसी के प्रतिनिधियों के बीच टकराव की स्थिति

कोलकाता। पश्चिम बंगाल में विधानसभा चुनाव की तैयारी के बारे में Gyanesh Kumar और All India Trinamool Congress (टीएमसी) के प्रतिनिधियों की बैठक में टकराव की स्थिति पैदा हो गई और बातचीत पूरी नहीं हो पाई।

बैठक में मुख्य चुनाव आयुक्त और टीएमसी के प्रतिनिधियों के बीच टकराव की स्थिति

Assembly Elections |

कोलकाता। पश्चिम बंगाल में विधानसभा चुनाव की तैयारी के बारे में Gyanesh Kumar और All India Trinamool Congress (टीएमसी) के प्रतिनिधियों की बैठक में टकराव की स्थिति पैदा हो गई और बातचीत पूरी नहीं हो पाई। टीएमसी के प्रतिनिधि मुख्य चुनाव आयोग से असंतुष्ट होकर बैठक से बाहर चले आए।

चुनाव आयोग की राजनीतिक दलों के साथ बैठक

मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के नेतृत्व में Election Commission of India की फुल बेंच ने विधानसभा चुनाव के बारे में राजनीतिक पार्टियों के साथ अलग-अलग बैठक की। चुनाव आयोग ने सबसे आखिर में टीएमसी के प्रतिनिधियों के साथ बैठक की। टीएमसी के प्रतिनिधियों में राज्य की वित्त मंत्री Chandrima Bhattacharya, नगर विकास मंत्री व कोलकाता नगर निगम के मेयर Firhad Hakim और राज्यसभा चुनाव में उम्मीदवार Rajiv Kumar शामिल थे।

वोटर लिस्ट को लेकर उठाए गए सवाल

बैठक से बाहर आई वित्त मंत्री चंद्रिमा भट्टाचार्य ने बताया कि उन्होंने और फिरहाद हकीम ने वैध वोटरों के नाम हटाए जाने, जीवित वोटरों को मृत बताए जाने, सही कागजातों वाले वोटरों के नाम वोटर लिस्ट में शामिल नहीं किए जाने और सुनवाई के दौरान लोगों को होने वाली परेशानियों का मुद्दा उठाया।

आधार कार्ड की मान्यता पर विवाद

उन्होंने बताया कि सुप्रीम कोर्ट के निर्देश के बावजूद आधार कार्ड की मान्यता नहीं देने का मुद्दा भी उठाया गया। इस पर मुख्य चुनाव आयुक्त ने टीएमसी के सुप्रीम कोर्ट जाने पर नाराजगी जताई, जबकि टीएमसी प्रतिनिधियों ने सुप्रीम कोर्ट में जाना अपना अधिकार बताया।

बातचीत के दौरान अभद्रता का आरोप

राज्य की वित्त मंत्री चंद्रिमा भट्टाचार्य ने मुख्य चुनाव आयोग पर बातचीत के दौरान अभद्रता दिखाने का आरोप लगाया। उन्होंने अल्पसंख्यक समुदाय, आदिवासियों, दलितों और महिलाओं के नाम बड़ी संख्या में वोटर लिस्ट से हटाए जाने का भी विरोध जताया।

टीएमसी का आरोप—हमारी बात नहीं सुनी गई

टीएमसी के प्रतिनिधियों का कहना है कि मुख्य चुनाव आयुक्त उनकी बात ठीक से नहीं सुन रहे थे। उनका कहना था कि बातचीत का रवैया भाजपा नेताओं जैसा लग रहा था, जिससे बैठक का माहौल तनावपूर्ण हो गया।

यह भी पढ़े: भाजपा-माकपा ने EC से चरणबद्ध वोटिंग मांगी

https://www.primenewsnetwork.in/state/bjp-cpm-demand-one-or-two-phase-voting/148149

Related to this topic: