बुरहानपुर के लालबाग क्षेत्र स्थित सूतार चॉल में प्रस्तावित एक निजी कंपनी के मोबाइल टावर का स्थानीय रहवासियों ने विरोध शुरू कर दिया है।
बुरहानपुर (मध्यप्रदेश)। बुरहानपुर के लालबाग क्षेत्र स्थित सूतार चॉल में प्रस्तावित एक निजी कंपनी के मोबाइल टावर का स्थानीय रहवासियों ने विरोध शुरू कर दिया है। बड़ी संख्या में क्षेत्रवासी कलेक्ट्रेट पहुंचे और प्रशासन से टावर लगाने की प्रक्रिया पर रोक लगाने की मांग की। रहवासियों का कहना है कि घनी आबादी के बीच लगाए जा रहे इस टावर से स्वास्थ्य संबंधी समस्याएं उत्पन्न हो सकती हैं। साथ ही टावर के समीप से गुजर रही हाईटेंशन बिजली लाइन को लेकर भी लोगों ने चिंता जताई है।
घनी आबादी में टावर लगाने पर आपत्ति
सूतार चॉल, लालबाग के रहवासी कलेक्टोरेट पहुंचे और अधिकारियों को ज्ञापन सौंपकर अपनी आपत्ति दर्ज कराई। रहवासियों का कहना है कि एक निजी कंपनी द्वारा एक मकान की छत पर मोबाइल टावर लगाया जा रहा है, जबकि आसपास के मकानों की दूरी बेहद कम है। क्षेत्रवासियों ने प्रशासन से मांग की कि टावर लगाने से पहले सभी तकनीकी और सुरक्षा मानकों की जांच कराई जाए।
बिना सहमति लगाए जाने का आरोप
रहवासियों का आरोप है कि टावर लगाए जाने से पहले क्षेत्र के लोगों से कोई सहमति नहीं ली गई। लोगों का कहना है कि मोहल्ले में बड़ी संख्या में बच्चे और बुजुर्ग रहते हैं, जिससे स्वास्थ्य संबंधी आशंकाओं को लेकर चिंता बढ़ गई है। इसी वजह से क्षेत्रवासियों में आक्रोश का माहौल बना हुआ है।
हाईटेंशन लाइन को लेकर बढ़ी चिंता
क्षेत्रवासियों ने यह भी बताया कि जहां मोबाइल टावर स्थापित किया जा रहा है, उसके समीप से हाईटेंशन बिजली लाइन गुजर रही है। ऐसे में किसी भी प्रकार की दुर्घटना की आशंका से इनकार नहीं किया जा सकता। लोगों ने प्रशासन से मामले की जांच कर उचित कार्रवाई करने और टावर स्थापना पर रोक लगाने की मांग की है। वही जब इस संबंध में एसडीएम अजमेर सिंह गॉड से चर्चा की तो उन्होंने जहाज का भरोसा दिलाया।
यह भी पढ़ें: साईखुर्दरा में सीमांकन के लिए महीनों से भटक रहे ग्रामीण, कलेक्टर से लगाई न्याय की गुहार