कोलकाता। टीएमसी और भाजपा ने कोलकाता समेत पश्चिम बंगाल के हर जिलों में स्थित स्ट्रांग रूम की...
कोलकाता। टीएमसी और भाजपा ने कोलकाता समेत पश्चिम बंगाल के हर जिलों में स्थित स्ट्रांग रूम की निगरानी को भी जोरआजमाइश का मुद्दा बना लिया है। दोनों पार्टियों के नेताओं-कार्यकर्ताओं को एक दूसरे पर अपने-अपने प्रभाव से स्ट्रांग रूम में इवीएम में गड़बड़ी कराने की आशंका है और वे एक दूसरे को रोकने के लिए पहरेदारी कर रहे है।
टीएमसी नेताओं-कार्यकर्ताओ का कहना है कि केंद्र में सत्ता मे रहने के कारण भाजपा केंद्रीय बल और चुनाव अधिकारियों से इवीएम में वोटों में उलटफेर करवा सकती है।
इसके विपरीत भाजपा नेताओं-कार्यकर्ताओं को कहना है कि हंगामा कर टीएमसी के लोग गुंडई कर स्ट्रांग रूम में प्रवेश कर इवीएम में छेड़छाड़ कर सकते है। इधर चुनाव आयोग और प्रशासन ने स्ट्रांग रूम की निगरानी के लिए केंद्रीय बल के जवानों की संख्या बढ़ कर पहले से ज्यादा सतर्कता बरत रहा है।
मुख्यमंत्री व टीएमसी सुप्रीमो ममता बनर्जी खुद अपनी के कार्यकर्ताओं के साथ तीस अप्रैल की रात को भवानीपुर के शेखावत मेमोरियल गर्ल्स हाईस्कूल स्थित स्ट्रांग रूम पहुंच गई। इसकी सूचना मिलते ही भाजपा के कार्यकर्ता बड़ी संख्या में वहां पहुंच गए। दोनों पार्टियों के बीच संघर्ष की स्थिति पर काबू पाने के लिए केंद्रीय बल तैनात किया गया। मुख्यमंत्री ममता बनर्जी वहां रात चार घंटे रहीं।
टीएससी नेता शशि पांजा और कुणाल घोष भी रात में खुदीराम अनुशीलन केंद्र पहुंचे और वहां स्ट्रांग रूप की निगरानी कर रहे अधिकारियों पर लापरवाही का आरोप लगा कर उनका विरोध किया। इसकी सूचना मिलते ही भातपा के नेता तापस राय और संतोष पाठक वहां आ धमके और उनके समर्थकों ने टीएमसी नेताओं को खिलाफ नारेबाजी की। तमाम स्ट्रांग रूम के सामने टीएमसी और भाजपा के नेता-कार्यकर्ता जमे हुए है और तनाव की स्थिति बनी हुई है। वोटों की गणना तक यही सिलसिला चलते रहने की संभावना है।
मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने स्ट्रांग रूप में अंधेरा कर, सीसीटीवी को बंद कर और दूसरे तरीके से इवीएम में गड़बड़ी की साजिश करने का अंदेशा किया है। उन्होंने अपनी पार्टी के उम्मीदवारों, कार्यकर्ताओं को हर स्ट्रांग रूप के सामने हर समय पहरा देने को कहा है। उन्होंने केंद्रीय बल के प्रति अविश्वास जताया है और चुनाव आयोग और केंद्रीय बल पर भाजपा को फयदा पहुंचाने के आरोपों को दोहराया है।
भाजपा नेता व विपक्षी दल के नेता शुभेंदु अधिकारी का कहना है कि टीएमसी की हार निश्चित है। वह गुंडई पर उतर आई है। वे और भाजपा के नेता-कार्यकर्ता भी टीएमसी के विरोध में आ डटे हैं।
यह भी पढ़ें : https://www.primenewsnetwork.in/india/kailash-mansarovar-yatra-increased-1000-pilgrims-to-go/181544