उद्योगों को बढ़ावा देने के लिए चलायी जा रही महत्वाकांक्षी 'एक जनपद-एक उत्पाद' (ODOP) कार्यक्रम को और अधिक प्रभावी बनाने के उद्देश्य से प्रदेश सरकार ODOP 2.0 की रणनीति तैयार कर रही है
यूपी में एक जनपद-एक उत्पाद योजना में मिलेगा 50 लाख रुपये का अनुदान
उद्योगों को बढ़ावा देने के लिए "ओडीओपी 2.0" को बनाया जाएगा प्रभावी
लखनऊ।
उत्तर प्रदेश की योगी आदित्यनाथ सरकार राज्य में परम्परागत उद्योगों को बढ़ावा देने के लिए चलायी जा रही महत्वाकांक्षी 'एक जनपद-एक उत्पाद' (ODOP) कार्यक्रम को और अधिक प्रभावी बनाने के उद्देश्य से प्रदेश सरकार का उत्तर प्रदेश का सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यम (MSME) विभाग" ODOP 2.0" की रणनीति तैयार कर रहा है। इसके तहत जहां वर्तमान योजनाओं को अधिक प्रासंगिक और परिणामोन्मुखी बनाया जाएगा, वहीं नई पहलों को भी इसमें शामिल किया जाएगा।
एक जनपद-एक उत्पाद (ओडीओपी) कार्यक्रम को और अधिक प्रभावी बनाने के लिए एमएसएमई विभाग ओडीओपी 2.0 की रणनीति बना रहा है। "ODOP 2.0" के अंतर्गत वित्त पोषण सहायता योजना को पीएमईजीपी की तर्ज पर विस्तारित करने का प्रस्ताव है। सफल इकाइयों को तकनीकी उन्नयन, गुणवत्ता सुधार और पैकेजिंग के लिए ‘एड-ऑन लोन’ प्रदान किया जाएगा। द्वितीय ऋण के लिए प्रथम ऋण की समयबद्ध अदायगी अनिवार्य होगी तथा टर्म लोन का न्यूनतम 50 प्रतिशत हिस्सा सुनिश्चित करना होगा। इसके साथ ही अनुदान सीमा को वर्तमान 20 लाख रुपये से बढ़ाकर 50 लाख रुपये किए जाने का भी प्रस्ताव है।
सदस्यों की संख्या 20 से घटाकर 10 होगी
ओडीओपी सामान्य सुविधा केंद्र योजना के तहत एमएसई-सीडीपी गाइडलाइन के अनुरूप समेकित शासनादेश जारी किया जाएगा। इसके तहत न्यूनतम सदस्यों की संख्या 20 से घटाकर 10 करने, राज्यांश को 90% तक रखने तथा किस्तों को 50-40-10 प्रतिशत के अनुपात में जारी करने का प्रावधान किया जा सकता है। तकनीकी उन्नयन एवं पैकेजिंग के लिए 5 करोड़ की परियोजना पर 75% तक (अधिकतम 3.75 करोड़) की अतिरिक्त सहायता का प्रस्ताव है।
कमिश्नर एवं डायरेक्टर इंडस्ट्री के. विजयेंद्र पांडियन के अनुसार वित्तीय वर्ष 2017-18 से अब तक प्रदेश के कुल निर्यात में हुई वृद्धि में 50 प्रतिशत योगदान ओडीओपी का रहा है। उन्होंने बताया कि अब तक योजना के तहत 1.25 लाख से अधिक टूलकिट बांटी जा चुकी है। 6 हजार करोड़ से अधिक का ऋण उपलब्ध कराया गया है और 8 हजार से अधिक लाभार्थियों को विपणन सहायता दी गई है।
1.25 लाख से अधिक टूलकिट्स वितरित
अब तक इस योजना के अंतर्गत 1.25 लाख से अधिक टूलकिट्स वितरित की जा चुकी हैं, रुपये6 हजार करोड़ से अधिक का ऋण उपलब्ध कराया गया है तथा 8 हजार से अधिक लाभार्थियों को विपणन सहायता प्रदान की गई है। ODOP के तहत 30 सामान्य सुविधा केंद्र (CFC) स्वीकृत किए गए हैं, 44 उत्पादों को जीआई टैग प्राप्त हुआ है और प्रतिष्ठित ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म्स पर ODOP उत्पादों की मजबूत उपस्थिति सुनिश्चित हुई है। इन्हीं उल्लेखनीय उपलब्धियों के चलते उत्तर प्रदेश को दो बार राष्ट्रीय ODOP पुरस्कार से सम्मानित किया जा चुका है।
इसे भी पढ़ेंः
बलूचिस्तान में निवेश न करे चीन, बलोच नेता ने चेताया
https://www.primenewsnetwork.in/world/baluch-leader-threaten-china/101594