प्रशासन के द्वारा की जा रही इस कार्रवाई का औरंगाबाद फल एवं सब्जी विक्रेता संघ के सदस्यों द्वारा कड़ी आपत्ति जताई गई और इसके विरोध में शुक्रवार को एक बैठक कर इसकी कड़ी निंदा की गई।
औरंगाबाद (बिहार): शहर को अतिक्रमण मुक्त कराने के उद्देश्य से जिला प्रशासन द्वारा पिछले दो दिनों से सख्त कार्रवाई की जा रही है। सुबह होते ही जेसीबी मशीन की घरघराहट सुनाई पड़ने लगती है और सड़क के किनारे लगे ठेले और फ़ुटपाती दुकानदारों की सामग्रियां उठाई जाने लग रही है। प्रशासन के द्वारा की जा रही इस कार्रवाई का औरंगाबाद फल एवं सब्जी विक्रेता संघ के सदस्यों द्वारा कड़ी आपत्ति जताई गई और इसके विरोध में शुक्रवार को एक बैठक कर इसकी कड़ी निंदा की गई।
प्रशासन ने मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध नहीं कराईं
दुकानदारों ने बताया कि पिछले कई वर्षों से अतिक्रमण को लेकर लगातार हो रही परेशानियों से तंग होकर संघ ने 14 जुलाई 2025 को मुफस्सिल थाने केवसमीप पांडेयपुर में साढ़े तीन बिगहा ज़मीन 2 लाख रुपए प्रति वर्ष के हिसाब से 18 वर्ष के लिए लीज ली गई। उक्त स्थल पर दुकानदारों ने मिलकर 82 दुकानों का निर्माण किया। जिला प्रशासन ने सहयोग करने की बात कही, जिसके आधार पर 31 मई 2026 को सब्जी मंडी के 82 दुकानदारों को यहां शिफ्ट होना था। इसको लेकर प्रशासनिक सहमति भी बनी और जिला प्रशासन के वृद्धों में यहां निर्माण कार्य भी चला। संघ के साथ लगातार हुई बैठकों में जिला प्रशासन ने बिजली, शौचालय, संपर्क पथ और पेयजल की व्यवस्था देने का आश्वासन दिया। ताकि दुकानदारों एवं ग्राहकों को इस समस्या से जूझना न पड़े। मगर वह व्यवस्था अभी तक उपलब्ध नहीं हो पाई।जिसके कारण वहां दुकान शिफ्ट करने में परेशानी हो रही है। संघ के सदस्यों ने बताया कि नवनिर्मित सब्जी मंडी की मिट्टी भरवाते वाली है जिसके कारण बारिश होते ही वहां दलदल की स्थिति उत्पन्न हो जाएगी। लेकिन इन मांगों को अभिव्यक पूरा नहीं किया गया।
सुविधाएं मिलें तो शिफ्ट होने को तैयार
बुधवार को भी सदर अनुमंडल पदाधिकारी संतान सिंह के साथ हुई बैठक में भी चार बुनियादी आवश्यकताओं की चर्चा की गई और उनके द्वारा एक सप्ताह में बायो शौचालय और टैंकर से पानी उपलब्ध कराए जाने की बात की गई। लेकिन यह व्यवस्था उतने बड़े मार्केट के लिए उपयोगी नहीं है। अभी यह व्यवस्था बनी भी नहीं कि प्रशासनिक बुलडोजर दुकानदारों पर चलने लगी और ठेलो के साथ साथ सभी सामग्रियां जब्त कर ली गई है। संघ के सदस्यों ने कहा कि वे प्रशासन के हर आदेश का सम्मान करते है। मगर आग्रह है कि चार बुनियादी सुविधाओं को जिला प्रशासन उपलब्ध करा दे। ताकि सभी दुकानदार वहां आराम से शिफ्ट हो सके।
दुकानदारों के साथ है प्रशासनः एसडीओ
इधर इस संबंध में जब सदर अनुमंडल पदाधिकारी से बात की गई तो उन्होंने कहा कि प्रशासन हर कदम पर दुकानदारों के साथ खड़ी है। वे फिलहाल बन रही व्यवस्था के साथ वहां शिफ्ट कर जाए और शहर की सड़कों को जाम से मुक्त करे। उन्होंने कहा कि जब सभी दुकानें वहां शिफ्ट कर जाएंगी धीरे धीरे सारी व्यवस्था बन जाएगी। उन्होंने कहा कि शहर की सड़के अतिक्रमित होने के कारण शहरवासियों को परेशानियों का सामना करना पड़ता है और जिला प्रशासन का यह दायित्य है कि उन्हें सहज एवं सुगम यातायात की व्यवस्था प्रदान करे। ऐसी स्थिति में यदि कोई भी दुकानदार अपनी सामग्रियों को बेचने के लिए सड़क पर आएगा उनके ऊपर कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने बताया कि बुधवार की बैठक में भी दुकानदारों को स्पष्ट निर्देश दिया गया था वे अपनी दुकानों को नए स्थल पर व्यवस्थित करे, लेकिन अतिक्रमण हटाने कि कार्रवाई लगातार जारी रहेगी।