उज्जैन जिले से इंसानियत को शर्मसार कर देने वाली वारदात सामने आई है। यहाँ एक गाँव में संपत्ति विवाद को लेकर एक महिला को न केवल बर्बरता किया गया, बल्कि बेरहमी से उसके बाल काट दिए गए।
उज्जैन (मध्यप्रदेश)। मध्य प्रदेश के उज्जैन जिले से इंसानियत को शर्मसार कर देने वाली एक बेहद खौफनाक और दर्दनाक वारदात सामने आई है। यहाँ एक गाँव में संपत्ति विवाद को लेकर एक महिला को न केवल बर्बरता किया गया, बल्कि बेरहमी से उसके बाल काट दिए गए। इतने से भी जब आरोपियों का मन नहीं भरा, तो उन्होंने महिला के गले में जूतों की माला डाल दी और उसे पूरे गाँव में घुमाकर अपमानित किया। इस खौफनाक घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया, जिसके बाद पुलिस तुरंत एक्शन में आई और मामले में FIR दर्ज की।
संपत्ति में हिस्सा मांगने गई थी दो बच्चों की मां, ससुराल वालों ने ढाया कहर
इस मामले की जानकारी देते हुए उज्जैन के पुलिस अधीक्षक (SP) प्रदीप शर्मा ने ANI से बातचीत में कहा कि पुलिस ने अब तक इस मामले में 11 लोगों के खिलाफ FIR दर्ज की है और तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। एसपी शर्मा ने कहा, "झारड़ा थाना क्षेत्र के तहत एक दिल दहला देने वाली घटना प्रकाश में आई है। यहां एक महिला के साथ उसके ससुराल वालों द्वारा बेहद क्रूर व्यवहार किया गया। महिला पिछले कुछ समय से अपने पति और ससुराल वालों से अलग रह रही थी और उसके दो बच्चे हैं। दो दिन पहले, वह पारिवारिक संपत्ति में अपना हिस्सा मांगने के लिए अपने ससुराल गई थी। इसी दौरान उसके ससुराल वालों ने एक बेहद शर्मनाक घटना को अंजाम दिया, जिसमें उसके बाल काट दिए गए और उसे अपमानजनक तरीके से पूरे गांव में घुमाया गया।"
पुलिस ने महिला को कराया रेस्क्यू, पुनर्वास के लिए प्रशासन मुस्तैद
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने त्वरित कार्रवाई की। एसपी शर्मा ने आगे बताया कि जैसे ही पुलिस को इस अमानवीय घटना की जानकारी मिली, तुरंत टीम भेजकर महिला को सुरक्षित बचा लिया गया। अब प्रशासन पीड़ित महिला के पुनर्वास और उसे हर संभव कानूनी सहायता प्रदान करने के लिए पूरी कोशिश कर रहा है। इसके लिए प्रशासन ने जिला कानूनी सेवा प्राधिकरण (DLSA), अदालतों और महिला एवं बाल विकास विभाग से भी संपर्क साधा है ताकि पीड़ित महिला को न्याय मिल सके।
वीडियो बनाने वाले और पूर्व कोटवार समेत 3 गिरफ्तार
पुलिस के मुताबिक इस घिनौने अपराध में कुल 11 लोग शामिल हैं। वायरल वीडियो के आधार पर अन्य आरोपियों की पहचान करने के प्रयास तेज कर दिए गए हैं। एसपी ने स्पष्ट शब्दों में कहा, "अब तक इस मामले में तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है। इसमें घटना में शामिल एक पूर्व कोटवार और वीडियो रिकॉर्ड करने वाला एक अन्य ग्रामीण भी शामिल है। वायरल वीडियो के आधार पर बाकी आरोपियों की पहचान करने की कोशिशें जारी हैं। इस घटना में शामिल हर एक व्यक्ति के खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई की जाएगी, चाहे वे उसके ससुराल वाले ही क्यों न हों।"
यहां यह जानना ज़रूरी है कि 'कोटवार' गांव का एक चौकीदार होता है, जो राजस्व विभाग के भीतर एक बेहद महत्वपूर्ण पद माना जाता है। कोटवार के प्राथमिक कर्तव्यों में गांव में शांति व्यवस्था बनाए रखना, संपत्ति की रक्षा करना और सरकारी अधिकारियों की मदद करना शामिल होता है। ऐसे में कानून के रखवाले की इस कृत्य में संलिप्तता ने मामले को और गंभीर बना दिया है।
हक दिलाने के लिए कोर्ट जाएगी पुलिस
उज्जैन पुलिस अब पीड़ित महिला के साथ मजबूती से खड़ी है। एसपी प्रदीप शर्मा ने भरोसा दिलाया है कि वे यह सुनिश्चित करेंगे कि महिला के पुनर्वास के लिए हर संभव सरकारी सहायता बढ़ाई जाए। इसके साथ ही, महिला को संपत्ति में उसका जायज और कानूनी हक दिलाने के लिए अदालत के माध्यम से आवश्यक कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
(यह खबर ANI से सीधे ऑटो-पब्लिश/संपादित की गई है।)
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