अफ्रीका में हुए अध्ययन के मुताबिक, एचआईवी पीड़ित किशोरों के लिए हर आठ सप्ताह में लगने वाला इंजेक्शन दैनिक गोलियों से ज्यादा असरदार साबित हुआ है।
Prime News Network
2026-09-21 11:45:07