अमेरिकी सेंट्रल कमांड (सेंटकॉम) के प्रमुख एडमिरल ब्रैड कूपर ने होर्मुज जलडमरूमध्य के आसपास चल रहे बमबारी अभियान को रोकने की सिफारिश की है।
वॉशिंगटन डीसी: अमेरिकी सेंट्रल कमांड (सेंटकॉम) के प्रमुख एडमिरल ब्रैड कूपर ने होर्मुज जलडमरूमध्य के आसपास चल रहे बमबारी अभियान को रोकने की सिफारिश की है। एक्सियोस की रिपोर्ट के अनुसार, उनका मानना है कि इस अभियान की प्रभावशीलता अब अपनी सीमा तक पहुंच चुकी है।
शीर्ष सैन्य अधिकारियों ने दी नई सलाह
दो सूत्रों के हवाले से एक्सियोस ने बताया कि एडमिरल कूपर की सिफारिश अन्य सैन्य और नागरिक सलाहकारों की राय से भी मेल खाती है। इन सलाहों ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प के ईरान के खिलाफ सैन्य हमले रोकने के फैसले को प्रभावित किया।
हवाई हमलों की सीमाओं पर चर्चा
रिपोर्ट के मुताबिक, राष्ट्रपति के सैन्य और नागरिक सलाहकारों ने माना कि केवल हवाई हमलों के जरिए हासिल किए जा सकने वाले परिणामों की एक सीमा होती है और मौजूदा रणनीति को अनिश्चित समय तक जारी रखना व्यावहारिक नहीं है। रिपोर्ट में कहा गया है कि एडमिरल कूपर ने सुझाव दिया कि यदि आवश्यक हुआ तो ऑपरेशन 'एपिक फ्यूरी' के दौरान चिन्हित लेकिन अब तक निशाना न बनाए गए लगभग 20% लक्ष्यों पर बड़े पैमाने पर अभियान दोबारा शुरू किया जा सकता है। हालांकि, उन्होंने मौजूदा बमबारी को जारी रखने को उचित नहीं बताया।
हवाई रक्षा संसाधनों को लेकर चिंता
सूत्रों के अनुसार, ज्वाइंट चीफ्स ऑफ स्टाफ के अध्यक्ष जनरल डैन केन ने युद्ध सचिव पीट हेगसेथ और राष्ट्रपति ट्रम्प को आगाह किया कि हवाई रक्षा अवरोधकों (इंटरसेप्टर्स) की कमी क्षेत्र में तैनात अमेरिकी सैनिकों और सहयोगी देशों की सुरक्षा को प्रभावित कर सकती है।
बैठक के बाद बदला ट्रम्प का रुख
एक्सियोस के मुताबिक, शीर्ष सैन्य अधिकारियों और सलाहकारों के साथ बैठक के बाद ट्रम्प ने अपना रुख बदला। बैठक से पहले वह बड़े पैमाने पर सैन्य अभियान दोबारा शुरू करने के पक्ष में थे, लेकिन बाद में उन्होंने हमलों को रोकने का फैसला किया। सीबीएस की रिपोर्ट के अनुसार, ईरान और ओमान के बीच होर्मुज जलडमरूमध्य को फिर से खोलने को लेकर बातचीत जारी है और इसमें सकारात्मक प्रगति हो रही है। अमेरिका द्वारा पिछले दो दिनों से हमले रोकने के बाद ईरान ने भी क्षेत्र में अमेरिकी सहयोगियों पर जवाबी हमले फिलहाल रोक दिए हैं।
अंतरराष्ट्रीय गठबंधन की तैयारी
रिपोर्ट के मुताबिक, अमेरिका और ब्रिटेन होर्मुज जलडमरूमध्य से बारूदी सुरंगें हटाने और समुद्री सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए एक अंतरराष्ट्रीय गठबंधन बनाने पर चर्चा कर रहे हैं। इस संबंध में होने वाली बैठक की तारीख अभी तय नहीं हुई है। सीएनएन की रिपोर्ट के अनुसार, पेंटागन ने अपने युद्ध हताहतों के आंकड़े अपडेट किए हैं। नए आंकड़ों के मुताबिक, ईरान से जुड़े संघर्ष में अब तक 18 अमेरिकी सैनिकों की मौत हो चुकी है और 624 अन्य घायल हुए हैं। इससे पहले दर्ज घायलों की संख्या 482 थी।
(एएनआई)
यह भी पढ़े: महाराष्ट्र में NEET अभ्यर्थी ने की आत्महत्या, पुनर्परीक्षा के नतीजे से थी निराश