13 सितंबर 2026, रविवार को भाद्रपद मास के शुक्ल पक्ष की द्वितीया तिथि सुबह करीब 7:08 बजे तक रहेगी। इसके बाद तृतीया तिथि शुरू हो जाएगी, जो अगले दिन सुबह तक रहेगी।
नई दिल्ली (भारत)। मुख्य तिथि एवं काल गणना
विक्रम संवत: 2083
पक्ष व तिथि: भाद्रपद शुक्ल पक्ष द्वितीया सुबह 7:08 बजे तक, फिर तृतीया।
मास: भाद्रपद
ऋतु: वर्षा ऋतु
अयन: दक्षिणायन
वार: रविवार
नक्षत्र: हस्त दोपहर 1:06 बजे तक, फिर चित्रा।
योग: शुक्ल दोपहर 1:42 बजे तक, फिर ब्रह्म।
करण: कौलव सुबह 7:08 बजे तक, फिर तैतिल।
चंद्र राशि: कन्या।
सूर्य राशि: सिंह
सूर्योदय: प्रातः 6:05 बजे लगभग
सूर्यास्त: सायं 6:28 बजे लगभग
चंद्रोदय: प्रातः 8:02 बजे लगभग
चंद्रास्त: शाम 7:35 बजे लगभग
13 सितंबर के शुभ और अशुभ मुहूर्त
ब्रह्म मुहूर्त: सुबह करीब 4:32 से 5:18 बजे तक
अभिजीत मुहूर्त: सुबह 11:52 से दोपहर 12:42 बजे तक
विजय मुहूर्त: दोपहर करीब 2:20 से 3:09 बजे तक
गोधूलि मुहूर्त: शाम 6:28 से 6:52 बजे तक
प्रदोष काल: शाम 6:28 बजे के बाद से
निशीथ मुहूर्त: रात करीब 11:54 से 12:41 बजे तक
राहुकाल: 4:56–6:28 PM
गुलिक काल: 3:23–4:56 PM
यमगंड: 12:17–1:50 PM
वर्ज्य: रात करीब 9:23–11:03 बजे
दिन का चौघड़िया
चौघड़िया समय फल
उद्वेग 6:05–7:38 AM अशुभ
चर 7:38–9:11 AM सामान्य
लाभ 9:11–10:44 AM शुभ
अमृत 10:44 AM–12:17 PM सर्वोत्तम
काल 12:17–1:50 PM अशुभ
शुभ 1:50–3:23 PM शुभ
रोग 3:23–4:56 PM अशुभ
उद्वेग 4:56–6:28 PM अशुभ
रात का चौघड़िया
चौघड़िया समय फल
शुभ 6:28–7:55 PM शुभ
अमृत 7:55–9:23 PM सर्वोत्तम
चर 9:23–10:50 PM सामान्य
रोग 10:50 PM–12:17 AM अशुभ
काल 12:17–1:44 AM अशुभ
लाभ 1:44–3:11 AM शुभ
उद्वेग 3:11–4:38 AM अशुभ
शुभ 4:38–6:05 AM शुभ
डिस्क्लेमर: Prime News इस लेख की पुष्टि नहीं करता। इस लेख में दिए गए पंचांग और मुहूर्त धार्मिक मान्यताओं तथा उपलब्ध पंचांग गणनाओं पर आधारित हैं। अलग-अलग शहर और पंचांग पद्धति के अनुसार समय में अंतर हो सकता है। किसी विशेष पूजा या धार्मिक अनुष्ठान के लिए स्थानीय पंचांग या विद्वान से समय की पुष्टि करें।
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