झालावाड़ पुलिस ने शादी के नाम पर नाबालिग बालिकाओं की खरीद-फरोख्त करने वाले अंतरराज्यीय गिरोह का पर्दाफाश कर चार आरोपियों को गिरफ्तार किया। मामले की जांच जारी है।
झालावाड़ (राजस्थान)। पुलिस ने 14 वर्षीय नाबालिग बालिका की खरीद-फरोख्त, फर्जी आधार कार्ड बनवाकर शादी कराने और बाद में उसे वापस ले जाने वाले अंतरराज्यीय गिरोह का पर्दाफाश करते हुए महाराज शाह (रोहतास, बिहार), धर्मेन्द्र कुमार (रोहतास, बिहार), चौथमल (दूधियाखेड़ी, झालावाड़) और अजय जांगिड़ (जयपुर) को गिरफ्तार किया है। चारों आरोपियों को मंगलवार को पोक्सो कोर्ट, झालावाड़ में पेश कर पुलिस रिमांड पर लिया गया।
नाबालिग को जबरन ले जाने की सूचना पर पुलिस ने बचाया
पुलिस अधीक्षक अमित कुमार (आईपीएस) ने बताया कि 7 जुलाई को अकलेरा क्षेत्र के मदनपुरिया गांव से सूचना मिली थी कि बिहार से शादी के नाम पर लाई गई एक नाबालिग बालिका को कुछ लोग जबरन वाहन में बैठाकर ले जा रहे हैं। अकलेरा और रटलाई थाना पुलिस ने संयुक्त कार्रवाई करते हुए नाकाबंदी कर वाहन को पकड़ा और बालिका को सुरक्षित मुक्त कर वन स्टॉप सेंटर, झालावाड़ भेजा।
शादी के नाम पर नाबालिग लड़कियों की सौदेबाजी का खुलासा
जांच में सामने आया कि बिहार और राजस्थान का यह संगठित गिरोह गरीब, असहाय और अनाथ परिवारों की नाबालिग लड़कियों को अच्छे और संपन्न परिवार में शादी का झांसा देकर राजस्थान लाता था। यहां मोटी रकम लेकर उनकी शादी करवाई जाती थी। यदि लड़की को ससुराल पसंद नहीं आती, तो गिरोह के सदस्य उसे गुप्त रूप से वापस ले जाकर दोबारा सौदेबाजी करते थे।
बिहार, जयपुर और झालावाड़ में दबिश देकर चार आरोपी गिरफ्तार
एसपी के निर्देशन में गठित विशेष टीमों ने जयपुर, बिहार के रोहतास जिले और झालावाड़ में एक साथ दबिश देकर गिरोह के चारों मुख्य आरोपियों महाराज शाह, धर्मेन्द्र कुमार, चौथमल और अजय जांगिड़ को गिरफ्तार किया। पुलिस अब इनसे पूछताछ कर गिरोह से जुड़े अन्य लोगों, खरीद-फरोख्त में हुई रकम और पूरे नेटवर्क की जानकारी जुटा रही है।
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