भिंड में नर्सिंग ऑफिसर स्नेहलता पाण्डेय हत्याकांड में पुलिस ने मुख्य आरोपी की निशानदेही पर घटनास्थल का सीन रीक्रिएशन कराया और कार जब्त कर फॉरेंसिक जांच शुरू की है।
भिंड: जिले में नर्सिंग ऑफिसर स्नेहलता पाण्डेय हत्याकांड में पुलिस की जांच अब उस मोड़ पर आ पहुंची है, जहां थ्योरी तो है लेकिन सबसे बड़ा सबूत यानी शव अभी भी गायब है। इस चर्चित मामले में पुलिस की रिमांड पर चल रहे मुख्य आरोपी सत्यप्रकाश उर्फ बादशाह जाटव को पुलिस घटनास्थल पर ले गई और पूरी वारदात का 'सीन रीक्रिएशन' कराया गया। कोतवाली पुलिस आरोपी सत्यप्रकाश को उस पचनदा वाले स्थान पर भी ले गई, जहां उसने स्नेहलता के शव को फेंकने का दावा किया है। इसके साथ ही पुलिस ने उस कार को भी जब्त कर लिया है, जिसमें सत्यप्रकाश ने स्नेहलता पाण्डेय की गला घोंटकर हत्या करने की बात कबूली थी।
अब तक शव बरामद नहीं होना पुलिस के लिए चुनौती
घटना को 10 दिन से अधिक समय बीत चुका है। ऐसे में कार से फॉरेंसिक सबूत तलाशने के लिए FSL अधिकारियों को बुलाया गया है। अब देखना ये होगा कि इतने दिनों बाद गाड़ी से कितने फॉरेंसिक साक्ष्य मिल पाते हैं। कोतवाली टीआई अनीता गुर्जर के अनुसार, कार मालिक ने अपने वीडियो बयान में स्पष्ट किया है कि उसने वारदात के बाद गाड़ी की धुलाई नहीं करवाई है। इससे फॉरेंसिक टीम को कुछ अहम सुराग मिलने की उम्मीद जगी है। स्नेहलता का शव अभी तक बरामद न होना पुलिस जांच और अभियोजन पक्ष के लिए सबसे बड़ी चुनौती बना हुआ है। पुलिस लगातार पचनदा क्षेत्र और आसपास के इलाकों में शव की तलाश कर रही है ताकि आरोपी को अदालत में कड़ी से कड़ी सजा दिलाई जा सके।
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