प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के बीच फोन पर हुई बातचीत को लेकर कांग्रेस नेता जयराम रमेश ने कई सवाल उठाए।
नई दिल्ली: कांग्रेस नेता जयराम रमेश ने बुधवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के बीच हुई टेलीफोन वार्ता पर सवाल उठाते हुए भारत के रूस से तेल आयात पर अमेरिकी कार्रवाई, वीजा संबंधी मुद्दों और पाकिस्तान के साथ वाशिंगटन के संबंधों को लेकर चिंता जताई। X पर एक पोस्ट में रमेश ने कहा कि ट्रंप के साथ हुई बातचीत में प्रधानमंत्री का विवरण भारत-अमेरिका संबंधों से जुड़े प्रमुख मुद्दों पर "अपनी चुप्पी से ही बहुत कुछ कह देता है"।
राहुल गांधी ने पीएम मोदी से पूछे तीन सवाल
रमेश ने कहा, आज शाम प्रधानमंत्री का अपने अच्छे दोस्त डोनाल्डभाई के साथ हुई बातचीत का विवरण भारत-अमेरिका संबंधों को लेकर भारत की जनता को परेशान करने वाले प्रमुख मुद्दों पर अपनी चुप्पी से बहुत कुछ कह देता है। तीन बड़े सवाल अनुत्तरित रह गए हैं। अपने सवालों की सूची बनाते हुए कांग्रेस नेता ने पूछा, क्या प्रधानमंत्री ने रूस से तेल खरीदने और ईरान के साथ आर्थिक संबंधों को लेकर अमेरिका द्वारा भारत को अनुचित तरीके से निशाना बनाए जाने पर देश की चिंताओं को व्यक्त किया? क्या प्रधानमंत्री ने वीजा मुद्दों पर अमेरिका द्वारा भारतीय पेशेवरों और छात्रों को निशाना बनाए जाने पर देश की चिंताओं को व्यक्त किया?
रमेश ने अमेरिका-पाकिस्तान संबंधों पर उठाए सवाल
कांग्रेस नेता ने आगे सवाल उठाया कि क्या पाकिस्तान के साथ अमेरिकी संबंधों को लेकर भारत की चिंताओं पर चर्चा हुई। रमेश ने पूछा, क्या प्रधानमंत्री ने इस बात पर देश की चिंता व्यक्त की कि अमेरिकी राष्ट्रपति और अन्य लोगों ने पाकिस्तान का समर्थन किया है, जबकि पाकिस्तान ने ही 22 अप्रैल, 2025 को पहलगाम में आतंकी हमले करवाए थे? उन्होंने अमेरिकी राष्ट्रपति के साथ प्रधानमंत्री के संबंधों को लेकर अपनाए गए रवैये की भी आलोचना की। रमेश ने कहा, प्रधानमंत्री अपने अच्छे दोस्त को खुश करने की कोशिश करते रहते हैं। हाल ही में यूपीआई इसका एक उदाहरण है। शायद इसी को लेकर उनका कहना है कि उनकी बातचीत 'सार्थक' रही।
पीएम मोदी और ट्रंप की फोन पर बातचीत
इससे पहले बुधवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप से फोन पर बातचीत की, जिसमें दोनों नेताओं ने व्यापार, रक्षा, ऊर्जा और महत्वपूर्ण प्रौद्योगिकियों सहित विभिन्न क्षेत्रों में द्विपक्षीय सहयोग की प्रगति की समीक्षा की। प्रधानमंत्री कार्यालय द्वारा जारी एक विज्ञप्ति में कहा गया है कि दोनों नेताओं ने भारत-अमेरिका व्यापक वैश्विक रणनीतिक साझेदारी को आगे बढ़ाने की अपनी प्रतिबद्धता दोहराई और दोनों देशों के लोगों के हित में सहयोग को और गहरा करने के लिए घनिष्ठ संपर्क बनाए रखने पर सहमति व्यक्त की। विज्ञप्ति में कहा गया है, दोनों नेताओं ने व्यापार, रक्षा, ऊर्जा, महत्वपूर्ण प्रौद्योगिकियों और आपसी हित के अन्य क्षेत्रों में द्विपक्षीय सहयोग में हुई प्रगति की समीक्षा की।
(इनपुट: ANI)
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