अरुणाचल प्रदेश के गृह मंत्री मामा नटुंग ने राज्य में चीन के अतिक्रमण के दावों को अफवाह बताते हुए कहा कि सीमा पर भारतीय सैनिक पूरी मजबूती से तैनात हैं ।
इटानगर,(अरुणाचल प्रदेश)। अरुणाचल प्रदेश के गृह मंत्री मामा नटुंग ने रविवार को राज्य में चीनी घुसपैठ के दावों को "महज अफवाहें" बताते हुए खारिज कर दिया और मीडिया से आग्रह किया कि वे इस तरह के बयान सार्वजनिक करने से पहले उनकी पुष्टि कर लें।
कारगिल विजय दिवस समारोह के दौरान पत्रकारों से बातचीत
कारगिल विजय दिवस समारोह के दौरान पत्रकारों से बातचीत में नटुंग ने सीमा सुरक्षा की प्रशंसा करते हुए कहा कि सैनिक चौबीसों घंटे देश की रक्षा करते हैं। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि केंद्र सरकार पूर्वोत्तर सीमा पर राष्ट्रीय सुरक्षा प्राथमिकताओं के प्रति पूरी तरह से प्रतिबद्ध है। “सोशल मीडिया पर चीन द्वारा अतिक्रमण के दावों के संबंध में, मैं मीडिया मित्रों से अनुरोध करता हूं कि वे सत्यापित करें कि ये बयान सत्य हैं या नहीं। वास्तविकता यह है, कि अरुणाचल प्रदेश में चीन का कोई अतिक्रमण नहीं है। हमारे सैनिक भारत माता की रक्षा के लिए चौबीसों घंटे सीमा पर तैनात हैं। चीन भारतीय क्षेत्र का एक इंच भी पार करने का साहस नहीं करेगा। ये दावे केवल अफवाहें हैं और इन पर विश्वास नहीं किया जाना चाहिए। भारत सरकार ने हमारे बहादुर सैनिकों को तैनात किया है और पूरा देश उनके साथ खड़ा है। हम अपनी भूमि की रक्षा के लिए कोई भी बलिदान देने को तैयार हैं,” उन्होंने कहा।
रिपोर्टस् गलत और निराधार
पिछले महीने की शुरुआत में, भारतीय सेना ने मीडिया के एक वर्ग में छपी उन खबरों का खंडन किया था जिनमें चीनी पीपुल्स लिबरेशन आर्मी (पीएलए) द्वारा अरुणाचल प्रदेश में अतिक्रमण और शिविर स्थापित करने का आरोप लगाया गया था और उन्हें गलत और निराधार बताया था। भारतीय सेना ने कहा, “हमने कुछ मीडिया रिपोर्टें देखी हैं जिनमें हाल ही में चीनी पीएलए द्वारा अतिक्रमण और अरुणाचल प्रदेश में शिविर स्थापित करने का आरोप लगाया गया है। ये रिपोर्टस् गलत और निराधार हैं।” भारत और चीन ने पिछले महीने बीजिंग में भारत-चीन सीमा मामलों पर परामर्श एवं समन्वय कार्य तंत्र (डब्ल्यूएमसीसी) की 35वीं बैठक भी आयोजित की।
भारत-चीन सीमा क्षेत्रों की स्थिति की समीक्षा
विदेश मंत्रालय द्वारा जारी एक विज्ञप्ति में बाद में कहा गया कि चर्चाएँ रचनात्मक और भविष्योन्मुखी रहीं। दोनों पक्षों ने भारत-चीन सीमा क्षेत्रों की स्थिति की समीक्षा की और सीमा क्षेत्रों में शांति और स्थिरता बनाए रखने में हुई प्रगति पर संतोष व्यक्त किया, जिससे द्विपक्षीय संबंधों के क्रमिक सामान्यीकरण की दिशा में प्रगति संभव हुई है। दोनों पक्षों ने परिसीमन, सीमा प्रबंधन, तंत्र निर्माण और सीमा पार सहयोग जैसे मुद्दों पर चर्चा की। भारतीय पक्ष ने सीमा पार नदियों पर अगली विशेषज्ञ स्तरीय तंत्र की शीघ्र बैठक पर जोर दिया। (एएनआई)
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