ग्वालियर। मध्य प्रदेश क्रिकेट एसोसिएशन के अध्यक्ष महानआर्यमन सिंधिया AI तकनीक की मदद से...
प्रस्तावित ERP मप्र क्रिकेट एसोसिएशन के डिवीजनों व जिलों के बीच मानकीकृत करने का लक्ष्य
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ग्वालियर। मध्य प्रदेश क्रिकेट एसोसिएशन के अध्यक्ष महानआर्यमन सिंधिया AI तकनीक की मदद से क्रिकेट प्रशासन और चयन प्रक्रिया को आसान बनाने के लिए भारत का पहला ERP सिस्टम शुरू करने की योजना बना रहे हैं
प्रशासनिक अस्पष्ठता को खत्म करने की पहल
महानआर्यमन सिंधिया, मध्य प्रदेश क्रिकेट एसोसिएशन के अध्यक्ष और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस क्षेत्र के उद्यमी, भारत में खेल प्रशासन के लिए एक नया मानक स्थापित कर रहे हैं। टेक्नोलॉजी में अपनी पृष्ठभूमि और क्रिकेट में युवा नेतृत्व की भूमिका को जोड़ते हुए, सिंधिया एक पहले प्रकार के एंटरप्राइज रिसोर्स प्लानिंग (ERP) सिस्टम के जरिए प्रशासनिक अस्पष्टता को खत्म करना चाहते हैं।
तकनीक से क्रिकेट संघ में चयन प्रक्रिया आसान बन रहा
शनिवार को युवा 2026 कार्यक्रम में सिंधिया ने बताया कि वे टेक्नोलॉजी के इस्तेमाल से क्रिकेट संघों में चयन प्रक्रिया को आसान बनाना चाहते हैं। सिंधिया के अनुसार, खेल को आधुनिक बनाने का अवसर नेतृत्व और तकनीक के मेल में है। उन्होंने अपने प्रोजेक्ट के पीछे की सोच बताते हुए कहा, “एक युवा नेता के रूप में मेरा मानना है कि सार्थक बदलाव लाने के कुछ मुख्य तरीके हैं, जिनकी शुरुआत खेल प्रशासन में तकनीक के एकीकरण से होती है।” उन्होंने कहा, “फिलहाल भारत में क्रिकेट के लिए कोई समर्पित ERP नहीं है। मेरी अपनी AI स्टार्टअप की पृष्ठभूमि को देखते हुए, मैं उन सीखों को खेल में शामिल करना चाहता था।”
राज्य स्तर के क्रिकेट में तालमेल की चुनौती
राज्य स्तर के क्रिकेट में मुख्य चुनौती अक्सर केंद्रीय एसोसिएशन और जमीनी स्तर के बीच तालमेल की कमी रही है। सिंधिया का प्रस्तावित ERP खासकर मध्य प्रदेश क्रिकेट एसोसिएशन के डिवीजनों और जिलों के बीच इन प्रक्रियाओं को मानकीकृत करने का लक्ष्य रखता है। उन्होंने कार्यक्रम में कहा, “हम फिलहाल एक नए ERP के विचार चरण में हैं, जिसे प्रशासन, अनुपालन और खिलाड़ी चयन को प्रबंधित करने के लिए बनाया जा रहा है।
वर्तमान में MPCA और उसके अधीन डिवीजनों व जिलों के बीच अकाउंटिंग और कमेटी प्रक्रियाओं को लेकर अक्सर अस्पष्टता रहती है।”
प्लेटफार्म वित्तीय और अनुपालन प्रक्रिया को स्वचालित करेगा
इस समस्या को हल करने के लिए प्लेटफॉर्म वित्तीय और अनुपालन प्रक्रिया को स्वचालित करेगा, ताकि हर अनुदान और प्रतिपूर्ति सत्यापित डेटा पर आधारित हो। उन्होंने कहा, “यह प्लेटफॉर्म सुनिश्चित करेगा कि सभी अनुदान, अनुपालन और प्रतिपूर्तियां तकनीकी रूप से संभाली जाएं। पहले आपको अनुदान के लिए आवेदन करना होगा। जब आप अपनी आवश्यकताएं अपलोड करेंगे, तो AI मॉडल अपने आप किसी भी कमी को चिन्हित कर देगा।”
चयन प्रक्रिया का डिजिटलीकरण
सबसे बड़ा बदलाव चयन प्रक्रिया में देखने को मिल सकता है। प्रदर्शन से जुड़े आंकड़ों को डिजिटाइज करके MPCA ऐसा मॉडल अपनाना चाहता है, जिसमें हर चयन का औचित्य स्पष्ट और पारदर्शी हो। सिंधिया ने कहा, “एसोसिएशन की प्रतिक्रिया बहुत सकारात्मक रही है। यह सिस्टम रन और विकेट जैसे डेटा पॉइंट्स को सीधे ERP में जोड़कर पारदर्शिता बढ़ाएगा।
चयनकर्ता डैशबोर्ड पर खिलाड़ियों का विश्लेषण कर सकेंगे और अपनी टीमों को डिजिटल रूप से तैयार करके अंतिम मंजूरी के लिए MPCA को भेज सकेंगे। यह पूरी तरह पारदर्शी प्रक्रिया है, जो तकनीक के जरिए संचालित होगी।” यदि यह मॉडल सफल होता है, तो MPCA का यह सिस्टम देशभर के क्रिकेट संघों के लिए डिजिटल ब्लूप्रिंट बन सकता है और भविष्य में देश की शीर्ष क्रिकेट लीग IPL में भी अपनाया जा सकता है।
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