शाजापुर के अय्यापुर गांव में पानी की समस्या से परेशान महिलाओं ने पंचायत कार्यालय का घेराव किया। 3 महीने से नल सप्लाई बंद होने पर ग्रामीण महिलाओं में भारी आक्रोश देखने को मिला।
शाजापुर (मध्यप्रदेश)। शाजापुर जिले कि जनपद पंचायत मोहन बड़ौदिया के अंतर्गत आने वाली ग्राम पंचायत अय्यापुर में पानी की समस्या को लेकर ग्रामीणों का गुस्सा फूट पड़ा है। जल संकट से त्रस्त होकर बड़ी संख्या में ग्रामीण महिलाओं ने खाली बर्तन लेकर ग्राम पंचायत कार्यालय का घेराव कर दिया।
आक्रोशित महिलाओं का प्रदर्शन, 3 महीनों से नल की सप्लाई थी बंद
आक्रोशित महिलाओं के प्रदर्शन के चलते आज दोपहर 12:00 बजे तक पंचायत कार्यालय में ताला लटका रहा। प्रदर्शन कर रही महिलाओं ने आरोप लगाया कि ग्राम पंचायत द्वारा पिछले 3 महीनों से नल की सप्लाई बंद कर रखी है। महिलाओं का कहना है कि बार-बार गुहार लगाने के बाद भी पंचायत प्रशासन समस्या का निराकरण करने में पूरी तरह विफल रहा है।
पानी की सुविधा नियमित नहीं, मामले की कोई सुनवाई नहीं
इसके साथ ही, ग्रामीणों ने पंचायत की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए आरोप लगाया कि पंचायत हर महीने बिल लेने के बजाय एक साथ पूरे एक साल का नल-जल बिल वसूल रही है, जबकि पानी की सुविधा नियमित नहीं है। वही ग्रामीणों के द्वारा पानी की समस्या को लेकर जनसुनवाई में भी आवेदन दिया लेकिन अभी तक कोई सुनवाई नहीं हुई मामले में ग्राम पंचायत सरपंच प्रतिनिधि ओमप्रकाश मालवीय ने महिलाओं के आरोपों को सिरे से खारिज किया है।
सरपंच प्रतिनिधि ने ग्रामीणों के आरोपों को बताया गलत
उन्होंने कहा कि, "ग्रामीण महिलाएं बेवजह आरोप लगा रही हैं, नल की सप्लाई रोजाना की जा रही है। मुख्य समस्या यह है कि कुछ लोगों ने नलों में अवैध रूप से मोटर लगा रखी है, जिसके कारण पाइपलाइन का पानी ऊंचाई तक नहीं पहुँच पा रहा है।" फिलहाल, पंचायत कार्यालय पर इस हंगामे और जनसुनवाई में आवेदन के बाद प्रशासनिक स्तर पर क्या कदम उठाए जाते हैं, इस पर सभी की निगाहें टिकी हैं।
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