उच्चतम न्यायालय ने मंगलवार को इलाहाबाद उच्च न्यायालय के मुख्य न्यायाधीश से 2021 के लखीमपुर खीरी हिंसा मामले की सुनवाई कर रहे न्यायिक अधिकारी के आचरण पर रिपोर्ट मांगी, जिन पर आरोप है कि उन्होंने कई स्वापक औषधि एवं मन:प्रभावी पदार्थ (एनडीपीएस) और अनुसूचित जाति/अनुसूचित जनजाति (अत्याचार निवारण) अधिनियम से जुड़े मामलों को अपने पास स्थानांतरित किया और आरोपियों को बरी कर दिया।