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दमन दीव और पटना से दो आरोपी गिरफ्तार

वेबसाइट से जाली कागजात बनाने वाले गिरोह का भंडाफोड़

bkprint.in वेबसाइट के माध्यम से जाली दस्तावेज तैयार करने में मदद कर रहा था और यह भी बताया कि वेबसाइट का बैकएंड संचालन बिहार के पटना निवासी संतोष कुमार द्वारा किया जा रहा था।

वेबसाइट से जाली कागजात बनाने वाले गिरोह का भंडाफोड़

दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल की गिरफ्त में दोनों आरोपी |

नई दिल्ली ।  दिल्ली पुलिस की इंटेलिजेंस फ्यूजन एंड स्ट्रेटेजिक ऑपरेशंस (IFSO), स्पेशल सेल ने सोमवार को एक संगठित साइबर जालसाजी गिरोह की भंडाफोड़ किया है। यह bkprint.in वेबसाइट के माध्यम से जाली पहचान दस्तावेज बनाते थे और ऑनलाइन लोगों को बेचता था। इस मामले में दो आरोपियों, बिदेशी साव और संतोष कुमार को गिरफ्तार किया गया। सत्यापन से पता चला कि वेबसाइट आधार कार्ड, मतदाता पहचान पत्र, पैन कार्ड, निवास प्रमाण पत्र, जाति प्रमाण पत्र, जन्म/मृत्यु प्रमाण पत्र और अन्य दस्तावेज बनाने की सेवाएं प्रदान कर रही थी।

फर्जी उपयोगकर्ता बनकर पकड़ा 

पलुिस ने मिली जानकारी को सत्यापित करने के लिए, एक मोबाइल नंबर का उपयोग करके एक फर्जी उपयोगकर्ता खाता बनाया गया था। वेबसाइट की सेवाओं का लाभ उठाने से पहले वॉलेट रिचार्ज की आवश्यकता थी। तदनुसार, वेबसाइट पर प्रदर्शित UPI ID के माध्यम से 100 रुपये की राशि स्थानांतरित की गई। वॉलेट रिचार्ज की पुष्टि होने के बाद, फर्जी व्यक्तिगत विवरण दर्ज करके और फोटो अपलोड करके जाली आधार कार्ड और मतदाता पहचान पत्र सफलतापूर्वक तैयार किए गए। तैयार किए गए आधार दस्तावेज़ की जांच से पता चला कि क्यूआर कोड में केवल उपयोगकर्ता द्वारा मैन्युअल रूप से दर्ज किए गए विवरण ही दिखाई दे रहे थे और यह किसी भी आधिकारिक आधार डेटाबेस से जुड़ा नहीं था, जिससे दस्तावेजों की जालसाजी साबित हो गई। जांच के दौरान, वेबसाइट पर भुगतान प्राप्त करने के लिए इस्तेमाल किया गया मोबाइल नंबर और यूपीआई खाता दमन और दीव निवासी आरोपी बिदेशी साव का पाया गया।

bkprint.in वेबसाइट के जरिए बनाते थे जाली दस्तावेज

जांच के दौरान, आरोपी बिदेशी साव को दमन और दीव से गिरफ्तार किया गया। लगातार पूछताछ के दौरान, उसने खुलासा किया कि वह ऑनलाइन भुगतान के बदले bkprint.in वेबसाइट के माध्यम से जाली दस्तावेज तैयार करने में मदद कर रहा था और यह भी बताया कि वेबसाइट का बैकएंड संचालन बिहार के पटना निवासी संतोष कुमार द्वारा किया जा रहा था। तकनीकी साक्ष्य और आगे की जांच के आधार पर, आरोपी संतोष कुमार को बिहार के पटना में खोजा गया और गिरफ्तार किया गया।

मोबाइल लैपटाप व अन्य उपकरण बरामद

आरोपी बिदेशी साव से एक रियलमी नार्ज़ो 70 प्रो 5जी मोबाइल फोन, एक रेडमी मोबाइल फोन, एक लेनोवो आइडियापैड लैपटॉप और एक क्यूआर कोड साउंड बॉक्स बरामद किया गया। वहीं, आरोपी संतोष कुमार से वेबसाइट सोर्स कोड और तकनीकी रिकॉर्ड से लैस एक एएसयूएस वीवोबुक लैपटॉप और सह-आरोपी बिदेशी साव के साथ हुई चैट से लैस एक मोबाइल फोन बरामद किया गया। bkprint.in और bkprint.xyz से संबंधित डिजिटल रिकॉर्ड, जिनमें सोर्स कोड, होस्टिंग विवरण, ग्राहक डेटाबेस, तकनीकी फाइलें और भुगतान संबंधी जानकारी शामिल हैं, तथा "बीकेएस" और "बीकेएस ऑनलाइन सर्विसेज" नाम वाले इलेक्ट्रॉनिक दस्तावेज भी बरामद किए गए। (एएनआई)

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