प्राइम न्यूज़ – एक कसम, राष्ट्र प्रथम
Breaking News

ग्राम प्रधान राकेश यादव की जम्मू में सड़क हादसा

चंदौली के ग्राम प्रधान राकेश यादव की जम्मू में सड़क हादसे में मौत, गांव में पसरा मातम

चंदौली के मजिदहा गांव के ग्राम प्रधान राकेश यादव की जम्मू में सड़क हादसे में मौत हो गई। वह मां वैष्णो देवी के दर्शन के लिए गए थे। हादसे से गांव और परिवार में मातम है।

चंदौली के ग्राम प्रधान राकेश यादव की जम्मू में सड़क हादसे में मौत गांव में पसरा मातम

Chandauli Village Head Dies in Jammu Road Accident, Mourning in Village |

चंदौली (उत्तर प्रदेश)। चहनिया ब्लॉक के बलुआ थाना क्षेत्र अंतर्गत मजिदहा गांव के ग्राम प्रधान राकेश यादव (38) की जम्मू में सड़क हादसे में मौत हो गई। वह मां वैष्णो देवी के दर्शन के लिए जम्मू गए थे। हादसे की खबर मिलते ही गांव और परिवार में मातम छा गया। परिजन शव लेने के लिए जम्मू रवाना हो गए हैं।

अज्ञात वाहन ने स्कूटी को मारी टक्कर

जानकारी के अनुसार, मजिदहा गांव निवासी राकेश यादव पुत्र मानवोध यादव 22 जुलाई को मां वैष्णो देवी के दर्शन के लिए जम्मू गए थे। उनकी वापसी का टिकट 13 अगस्त का था। बताया जा रहा है कि किसी काम के चलते वह जम्मू में ही रुक गए थे। रविवार को वह किराये की स्कूटी से बाजार जा रहे थे। इसी दौरान एक अज्ञात वाहन ने पीछे से उनकी स्कूटी में जोरदार टक्कर मार दी। हादसा इतना भीषण था कि राकेश यादव की मौके पर ही मौत हो गई।

कागजात से हुई मृतक की पहचान

घटना के बाद जम्मू की गांधीनगर पुलिस ने मृतक के पास मिले कागजातों के आधार पर उनकी पहचान की और बलुआ पुलिस से संपर्क कर घटना की जानकारी दी। स्थानीय पुलिस के माध्यम से परिजनों को हादसे की सूचना मिली। राकेश की मौत की खबर सुनते ही परिवार में कोहराम मच गया। वहीं मजिदहा गांव में भी शोक की लहर दौड़ गई।

पीछे दो बच्चे, परिवार में छाया मातम

राकेश यादव का विवाह मुगलसराय के समीप बरसतीया गांव निवासी शिखा यादव से हुआ था। उनके दो बच्चे हैं। 12 वर्षीय बेटी गुड़िया यादव कक्षा आठ की छात्रा है, जबकि आठ वर्षीय बेटा मंगल यादव बी एंड बी इंटरनेशनल स्कूल में कक्षा पांच में पढ़ता है। राकेश तीन भाइयों में सबसे बड़े थे। उनके दूसरे भाई अरविंद यादव रेलवे में कार्यरत हैं, जबकि छोटे भाई मनोज यादव कंस्ट्रक्शन का व्यवसाय करते हैं।

शव चंदौली लाने की तैयारी

ग्राम प्रधान की असमय मौत से ग्रामीणों में गहरा शोक है। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। परिवार के लोग जम्मू पहुंचकर शव को चंदौली लाने की प्रक्रिया में जुटे हैं। 

यह भी पढ़ें:   मुरैना के सरकारी स्कूल में हेडमास्टर पर गंभीर आरोप, ₹4500 देकर निजी महिला से पढ़ाने का दावा

Related to this topic: