उत्तराखंड सरकार स्वास्थ्य सेवाओं को गांव-गांव तक पहुंचाने के लिए एक नई पहल करने जा रही है। राज्य के सभी 95 विकासखंडों में विशेष स्वास्थ्य शिविर लगाए जाएंगे।
देहरादून (उत्तराखंड)। उत्तराखंड सरकार स्वास्थ्य सेवाओं को गांव-गांव तक पहुंचाने के लिए एक नई पहल करने जा रही है। राज्य के सभी 95 विकासखंडों में विशेष स्वास्थ्य शिविर लगाए जाएंगे। इन शिविरों में मरीजों की जांच के बाद आवश्यक दवाएं उनके घर तक डाक के माध्यम से बिल्कुल मुफ्त पहुंचाई जाएंगी।
जुलाई से शुरू होगा तीन दिवसीय स्वास्थ्य शिविर अभियान
सरकार का दावा है कि इस तरह की व्यवस्था लागू करने वाला उत्तराखंड देश का पहला राज्य होगा। राज्य सरकार ने सभी 95 ब्लॉकों में तीन दिवसीय स्वास्थ्य शिविर आयोजित करने का निर्णय लिया है। अभियान का पहला चरण 4 जुलाई से शुरू होगा। शिविरों में विशेषज्ञ चिकित्सकों की टीम मरीजों की जांच करेगी, आवश्यक परीक्षण किए जाएंगे और दवा का पर्चा तैयार किया जाएगा।
डाकिया लाएगा दवा, बुजुर्गों और पहाड़ी क्षेत्रों को मिलेगी बड़ी राहत
जिन मरीजों को लंबे समय तक नियमित दवाओं की आवश्यकता होगी, उन्हें अस्पतालों के बार-बार चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे। सरकार डाक विभाग के सहयोग से दवाएं सीधे मरीजों के घर भेजेगी। इससे दूरस्थ और पर्वतीय क्षेत्रों के लोगों को विशेष राहत मिलने की उम्मीद है। सरकार का कहना है कि इस पहल का उद्देश्य बुजुर्गों, दिव्यांगों और दुर्गम क्षेत्रों में रहने वाले लोगों तक समय पर उपचार और दवाएं पहुंचाना है। स्वास्थ्य विभाग और डाक विभाग मिलकर इस व्यवस्था को लागू करेंगे।
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