बैतूल: जिला मुख्यालय के कई वार्डों में पिछले कई दिनों से पेयजल संकट गहराने के कारण लोगों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
बैतूल {मध्य प्रदेश}: जिला मुख्यालय के कई वार्डों में पिछले कई दिनों से पेयजल संकट गहराने के कारण लोगों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। कई इलाकों में 5 से 6 दिन तक नलों में पानी नहीं पहुंचा, जबकि जिन स्थानों पर पानी की सप्लाई हुई भी, वहां गंदा और दूषित पानी आने की शिकायत सामने आई है। इससे लोगों को पीने के पानी के लिए दूसरे स्रोतों पर निर्भर होना पड़ रहा है।
जल संकट से नाराज लोग पहुंचे नगर पालिका
समस्या से परेशान वार्डवासियों के साथ कई पार्षद नगर पालिका कार्यालय पहुंचे और मुख्य नगर पालिका अधिकारी (सीएमओ) नवनीत पांडे से मुलाकात कर जल्द समाधान की मांग की। पार्षदों और रहवासियों ने बताया कि नियमित जलापूर्ति नहीं होने से घरों का दैनिक कामकाज प्रभावित हो रहा है।
गंदे पानी से स्वास्थ्य पर भी मंडरा रहा खतरा
लंबे इंतजार के बाद भी नलों से साफ पानी नहीं मिल रहा है, जिससे लोगों में नाराजगी बढ़ रही है। उनका कहना है कि गंदा पानी स्वास्थ्य के लिए भी खतरा बन सकता है, इसलिए नगर पालिका को इस समस्या का तत्काल समाधान करना चाहिए। नगर पालिका पहुंचे नागरिकों ने मांग की कि सभी प्रभावित वार्डों में नियमित और स्वच्छ पेयजल उपलब्ध कराया जाए, ताकि लोगों को राहत मिल सके। उन्होंने जलापूर्ति व्यवस्था में सुधार के साथ पाइपलाइन की नियमित जांच कराने की भी मांग रखी।
मुख्य पाइपलाइन में लीकेज बनी परेशानी की वजह
इस मामले में सीएमओ नवनीत पांडे ने बताया कि पिछले दिनों कॉलेज चौक क्षेत्र में मुख्य पाइपलाइन में लीकेज हो गया था। पाइपलाइन की मरम्मत में लगभग 48 घंटे का समय लगा, जिसके कारण कुछ वार्डों में जलापूर्ति बाधित हुई। उन्होंने बताया कि तकनीकी खराबी को अब दूर कर लिया गया है और जलापूर्ति व्यवस्था को सामान्य करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है।
बुधवार शाम से जलापूर्ति बहाल होने की उम्मीद
सीएमओ ने उम्मीद जताई कि प्रभावित वार्डों में बुधवार शाम से दोबारा पानी की सप्लाई शुरू कर दी जाएगी। साथ ही उन्होंने कहा कि यदि कहीं गंदे पानी की शिकायत मिलती है तो उसकी भी जांच कर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी। नगर पालिका ने लोगों से कुछ समय सहयोग करने की अपील की है और भरोसा दिलाया है कि जल्द ही सभी वार्डों में नियमित एवं स्वच्छ पेयजल उपलब्ध कराया जाएगा।
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