प्राइम न्यूज़ – एक कसम, राष्ट्र प्रथम

जान केरी ने किया रहस्योद्घाटन

तीन राष्ट्रपतियों ने खारिज किया था ईरान पर हमले का प्रस्ताव

अमेरिका के पूर्व विदेशमंत्री जॉन केरी ने यह तथ्य उजागर किया है कि इजरायली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने इससे पहले तीन अमेरिकी राष्ट्रपतियों के समक्ष ईरान के साथ युद्ध का प्रस्ताव रखा था।

तीन राष्ट्रपतियों ने खारिज किया था ईरान पर हमले का प्रस्ताव

Netanyahu Urged US Presidents to Attack Iran |

वाशिंगटन (अमेरिका)। अमेरिका के पूर्व विदेशमंत्री जॉन केरी ने यह तथ्य उजागर किया है कि इजरायली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने इससे पहले तीन अमेरिकी राष्ट्रपतियों के समक्ष ईरान के साथ युद्ध का प्रस्ताव रखा था, लेकिन उन सभी ने इसे अस्वीकार कर दिया था। उन्होंने स्टीफन कोलबर्ट के 'द लेट शो' में कहा कि ओबामा, जार्ज बुश और जो बाइडेन ने नेतन्याहू का सुझाव मानने से इनकार कर दिया था। कैरी ने बताया कि वे उन सभी बातचीत में शामिल थे।

तीनों राष्ट्रपतियों ने किया था युद्ध से बचने का फैसला

केरी ने उल्लेख किया कि उन सभी ने युद्ध से बचने का फैसला किया था क्योंकि उन्होंने 'शांतिपूर्ण प्रक्रिया के सभी उपायों को समाप्त नहीं किया था।' वियतनाम युद्ध के एक अनुभव का संदर्भ देते हुए कैरी ने कहा- जहां इस तरह के निर्णय इतने महत्वपूर्ण थे, हमें उस युद्ध के बारे में झूठ बोला गया था, और उस युद्ध और इराक युद्ध से सबक यह है कि अमेरिकी जनता से झूठ मत बोलो और फिर उनसे अपने बेटों और बेटियों को लड़ने के लिए भेजने को कहो।'

ईरान में नहीं हुआ सत्ता परिवर्तन

ईरान के प्रेस टीवी ने इस क्लिप को अपने सोशल मीडिया अकाउंट पर दोबारा पोस्ट करते हुए लिखा है- 'अमेरिका के पूर्व विदेश मंत्री जॉन केरी का कहना है कि इजरायली प्रधानमंत्री नेतन्याहू ने राष्ट्रपति ओबामा, बुश और बाइडेन के सामने ईरान पर युद्ध का प्रस्ताव रखा था, लेकिन सभी ने इसे अस्वीकार कर दिया। भविष्यवाणी यह ​​थी कि सत्ता परिवर्तन होगा, लोग विद्रोह करेंगे लेकिन हमने देखा कि ऐसा कुछ नहीं हुआ।'

ट्रंप को भी मनाने की कोशिश का दावा

'न्यूयॉर्क टाइम्स' की एक रिपोर्ट में बताया गया है कि कैसे इजरायली प्रधानमंत्री ने ट्रंप को इजरायल के साथ मिलकर ईरान पर हमला करने के लिए राजी किया। रिपोर्ट में कहा गया है कि, "11 फरवरी को सिचुएशन रूम में नेतन्याहू ने जोरदार प्रचार किया, यह सुझाव देते हुए कि ईरान में सत्ता परिवर्तन की स्थिति बन चुकी है और यह विश्वास व्यक्त किया कि एक संयुक्त अमेरिकी-इजरायली मिशन अंततः इस्लामी गणराज्य का अंत कर सकता है।' केरी ने नेतन्याहू के तर्क को एक 'भविष्यवाणी' बताया, और कहा कि ईरानी जनता हमलों के बाद विद्रोह नहीं कर पाई और न ही सरकार को उखाड़ फेंकी।

यह भी पढ़ें: https://www.primenewsnetwork.in/state/up-board-10th-12th-results-2026-girls-dominate-toppers-list/178694

उत्तर प्रदेश बोर्ड परीक्षा परिणाम 2026: 10वीं-12वीं में बेटियों ने गाड़ा सफलता का झंडा

Related to this topic: