त्रिपुरा सरकार ने सभी स्कूलों में सुबह की प्रार्थना सभा के दौरान 'वंदे मातरम' और 'जन गण मन' का पूर्ण गायन अनिवार्य किया।
अगरतला। त्रिपुरा सरकार ने छात्रों में देशभक्ति, अनुशासन और राष्ट्रीय चेतना को मजबूत करने के उद्देश्य से राज्य के सभी स्कूलों में सुबह की प्रार्थना सभा के दौरान 'वंदे मातरम' और उसके बाद राष्ट्रगान 'जन गण मन' का पूर्ण गायन अनिवार्य कर दिया है।
सरकार ने जारी किया नया आदेश
मंगलवार को जारी सरकारी आदेश के अनुसार, अब राज्य के सभी स्कूलों में दैनिक शैक्षणिक गतिविधियों की शुरुआत 'वंदे मातरम' के सामूहिक पूर्ण गायन से होगी, जिसके बाद राष्ट्रगान 'जन गण मन' गाया जाएगा।
मुख्यमंत्री ने बताया फैसला का उद्देश्य
मुख्यमंत्री माणिक साहा ने सोशल मीडिया पर कहा कि इस निर्णय का उद्देश्य छात्रों में देशभक्ति, अनुशासन और राष्ट्रीय चेतना को और मजबूत करना है। उन्होंने कहा कि यह पहल राष्ट्रीय एकता को बढ़ावा देने और भारत की सांस्कृतिक विरासत के प्रति सम्मान की भावना विकसित करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।
राष्ट्रीय जिम्मेदारी की भावना होगी मजबूत
मुख्यमंत्री के अनुसार, इस व्यवस्था से छात्रों में राष्ट्र के प्रति उत्तरदायित्व, संवैधानिक मूल्यों और सामूहिक जिम्मेदारी की भावना मजबूत होगी। साथ ही यह सरकार के जिम्मेदार और जागरूक नागरिक तैयार करने के संकल्प को भी दर्शाता है।
मूल्य आधारित शिक्षा पर सरकार का जोर
राज्य सरकार का मानना है कि विद्यालय सभाओं में नियमित रूप से इन देशभक्ति गीतों का गायन छात्रों में अनुशासन, राष्ट्रीय एकता और लोकतांत्रिक मूल्यों को सुदृढ़ करेगा। इसके साथ ही उन्हें देश के इतिहास और सांस्कृतिक विरासत की बेहतर समझ भी मिलेगी।
सभी शिक्षण संस्थानों में होगा लागू
सरकारी आदेश के अनुसार, यह व्यवस्था राज्य के सभी सरकारी, सरकारी सहायता प्राप्त और अन्य शिक्षण संस्थानों में सरकार के निर्देशों के अनुरूप लागू की जाएगी।
(एएनआई)
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